Poly Medicure Limited के बोर्ड ऑफ डायरेक्टर्स ने 31 दिसंबर, 2025 को समाप्त हुई तीसरी तिमाही और नौ महीनों के लिए अन-ऑडिटेड स्टैंडअलोन और कंसोलिडेटेड वित्तीय नतीजों को मंजूरी दे दी है। हालांकि, इस घोषणा में कुछ महत्वपूर्ण डेटा गैप्स (Data Gaps) हैं, जो निवेशकों के लिए चिंता का विषय बन सकते हैं। कंपनी के नतीजों में पिछली तिमाही (Q2 FY26) की तुलना में जबरदस्त ग्रोथ दिखी है।
तिमाही के नंबर्स पर नजर डालें तो, Q3 FY26 में कंपनी का कंसोलिडेटेड रेवेन्यू पिछले तिमाही Q2 FY26 के ₹41.65 करोड़ से बढ़कर ₹118.86 करोड़ हो गया, जो 185.37% की भारी बढ़ोतरी है। प्रॉफिट आफ्टर टैक्स (PAT) में भी इसी तरह की शानदार चाल देखने को मिली, यह ₹26.51 करोड़ से बढ़कर ₹78.38 करोड़ पर पहुँच गया, यानी 195.59% का उछाल। वहीं, बेसिक अर्निंग्स पर शेयर (EPS) भी ₹2.43 से बढ़कर ₹7.73 हो गया।
इस रिपोर्ट में एक महत्वपूर्ण बात यह है कि Q3 FY26 में ₹6.80 करोड़ का एक एक्सेप्शनल आइटम (Exceptional Item) दर्ज किया गया है। यह ग्रेच्युटी (Gratuity) और कंपेन्सेटेड एब्सेंस (Compensated Absences) से संबंधित पास्ट सर्विस कॉस्ट (Past Service Cost) के कारण हुआ है, जो नए लेबर कोड्स (Labour Codes) के लागू होने का नतीजा है। इस आइटम ने रिपोर्ट किए गए प्रॉफिट को प्रभावित किया है। Q3 FY26 के लिए PAT मार्जिन 65.95% रहा, जो कि एक मजबूत आंकड़ा है। कंपनी ने अगस्त 2024 में QIP (Qualified Institutional Placement) से जुटाई गई राशि का इस्तेमाल कैपिटल एक्सपेंडिचर (Capex), इनऑर्गेनिक इनिशिएटिव्स (Inorganic Initiatives) और सामान्य कॉर्पोरेट उद्देश्यों के लिए किया है।
सबसे बड़ी चिंता की बात यह है कि कंपनी ने Q3 FY25 के लिए साल-दर-साल (Year-on-Year - YoY) तुलनात्मक डेटा जारी नहीं किया है। इसके बिना, तिमाही के प्रदर्शन का सीधा YoY आकलन करना असंभव है। इसके अलावा, रिपोर्ट में नौ-महीने की अवधि के लेबलिंग में महत्वपूर्ण विसंगतियां भी पाई गई हैं, जिससे उपलब्ध जानकारी के आधार पर सटीक नौ-महीने के सीक्वेंशियल (Sequential) कैलकुलेशन पर संदेह पैदा होता है।
Poly Medicure आक्रामक इनऑर्गेनिक ग्रोथ (Inorganic Growth) रणनीति पर चल रही है। कंपनी ने यूरोप और भारत में एक्वीजिशन (Acquisitions) के लिए प्रोविजनल अकाउंटिंग (Provisional Accounting) की जानकारी दी है। इसमें Pendracare ग्रुप और Medistream SA (Citieffe ग्रुप) के एक्वीजिशन शामिल हैं। साथ ही, Himalayan Mineral Water Private Limited के एक्वीजिशन को NCLT (National Company Law Tribunal) से मंजूरी मिल गई है, हालांकि यह NCLAT (National Company Law Appellate Tribunal) से आगे की स्पष्टता का इंतजार कर रहा है। कंपनी ने योग्य कर्मचारियों को 2,000 स्टॉक ऑप्शन (Stock Options) भी मंजूर किए हैं, जो विस्तार के इस दौर में प्रतिभा को बनाए रखने पर कंपनी के फोकस को दर्शाता है।
निवेशकों के लिए सबसे बड़ा जोखिम, जैसा कि ऊपर बताया गया है, YoY तुलना के लिए व्यापक वित्तीय डेटा का अभाव और नौ-महीने की अवधि के आंकड़ों में संभावित अविश्वसनीयता है। मैनेजमेंट की ओर से किसी भी फॉरवर्ड-लुकिंग फाइनेंशियल गाइडेंस (Forward-Looking Financial Guidance) की अनुपस्थिति भविष्य के प्रदर्शन की उम्मीदों के बारे में और अनिश्चितता पैदा करती है। हालिया एक्वीजिशन के इंटीग्रेशन रिस्क (Integration Risks) पर भी बारीकी से नजर रखने की जरूरत होगी। कंपनी के लिए मेडिकल डिवाइस सेक्टर में बाजार की मांग और प्रतिस्पर्धी दबाव महत्वपूर्ण कारक बने रहेंगे।
