Nifty Pharma Index में 2% की तेजी, Emcure Pharmaceuticals पर आई ब्रोकरेज की पॉजिटिव रिपोर्ट

HEALTHCAREBIOTECH
Whalesbook Logo
AuthorAditi Chauhan|Published at:
Nifty Pharma Index में 2% की तेजी, Emcure Pharmaceuticals पर आई ब्रोकरेज की पॉजिटिव रिपोर्ट

सोमवार को Nifty Pharma Index में **2%** का उछाल देखा गया, जिसने बाकी मार्केट को पीछे छोड़ दिया। निवेशकों का झुकाव हेल्थकेयर स्टॉक्स की ओर बढ़ा है। Emcure Pharmaceuticals को लेकर आई एक ब्रोकरेज रिपोर्ट के बाद इस शेयर में सकारात्मक सेंटीमेंट (Sentiment) बना है, जिसने ₹2,260 का टारगेट दिया है। वहीं, RPG Life Sciences ने रिकॉर्ड ऊंचाई को छुआ, क्योंकि भारतीय फार्मा सेक्टर लगातार मजबूत ग्रोथ दिखा रहा है।

Nifty Pharma Index में शानदार तेजी

सोमवार को Nifty Pharma Index 2% चढ़कर दिन के दौरान 26,126.20 के स्तर तक पहुंच गया। जहां बेंचमार्क Nifty 50 में सावधानी का रुख था, वहीं हेल्थकेयर सेक्टर ने मजबूती दिखाई। इस सेक्टर की कई बड़ी कंपनियों के शेयरों में 2% से 5% तक की बढ़त दर्ज की गई। Torrent Pharmaceuticals, Mankind Pharma, Cipla, Laurus Labs और Aurobindo Pharma इस तेजी के मुख्य भागीदार रहे।

Emcure Pharmaceuticals पर ब्रोकरेज की राय

Motilal Oswal Financial Services की एक नई रिपोर्ट के बाद Emcure Pharmaceuticals निवेशकों के आकर्षण का केंद्र बनी हुई है। ब्रोकरेज फर्म ने इस स्टॉक पर 'Buy' रेटिंग दी है और ₹2,260 का टारगेट प्राइस सेट किया है। फर्म का मानना है कि कंपनी की डोमेस्टिक (घरेलू) ग्रोथ मजबूत बनी रहेगी। एनालिस्ट्स का अनुमान है कि Emcure के घरेलू कारोबार में फाइनेंशियल ईयर 2028 तक 11% की कंपाउंड एनुअल ग्रोथ रेट (CAGR) से बढ़ोतरी हो सकती है। ब्रोकरेज के मुताबिक, कंपनी के प्रोडक्ट पाइपलाइन और मजबूत कमर्शियल प्रेजेंस (Commercial Presence) के दम पर कुल रेवेन्यू (Revenue) 2028 तक लगभग ₹11,900 करोड़ तक पहुंच सकता है।

सेक्टर के रुझान और ग्रोथ के कारण

इंडेक्स में बड़ी बढ़त के अलावा, RPG Life Sciences जैसे शेयरों ने भी कमाल दिखाया और सोमवार को 7% की छलांग लगाकर रिकॉर्ड स्तर पर पहुंच गए। कंपनी की फाइनेंशियल ईयर 2026 की रिपोर्ट के अनुसार, पिछले एक साल में भारतीय फार्मा मार्केट 8.6% बढ़ा है। यह ग्रोथ वैश्विक स्तर पर जटिल भू-राजनीतिक परिस्थितियों और अंतरराष्ट्रीय बाजारों में रेगुलेटरी (Regulatory) बाधाओं के बावजूद हासिल हुई है।

BNP Paribas India के मार्केट एक्सपर्ट्स का कहना है कि भारतीय जेनेरिक दवा निर्माता बायोसिमिलर्स (Biosimilars) की ओर रुख कर रहे हैं, खासकर अमेरिका और यूरोप जैसे बड़े बाजारों में। 2034 तक कई बायोलॉजिक दवाओं के पेटेंट खत्म होने वाले हैं, जिससे इन हाई-वैल्यू (High-value) सेगमेंट्स में काफी संभावनाएं दिख रही हैं। हालांकि, निवेशकों को यह ध्यान रखना चाहिए कि बायोसिमिलर्स से मुनाफा कमाना एक लंबी प्रक्रिया है। इन प्रोडक्ट्स में कड़ी प्रतिस्पर्धा और भारी रिसर्च एंड डेवलपमेंट (R&D) खर्च की वजह से ये तुरंत प्रॉफिट मार्जिन (Profit Margin) को बढ़ावा नहीं दे पाते।

निवेशकों के लिए ध्यान देने योग्य बातें

फार्मा सेक्टर जहां एक ओर घरेलू ग्रोथ और दूसरी ओर अंतरराष्ट्रीय प्रतिस्पर्धा का सामना कर रहा है, वहीं निवेशकों को कंपनियों के रिसर्च खर्च और विदेशी बाजारों में रेगुलेटरी अनुपालन पर नजर रखनी चाहिए। डोमेस्टिक डिमांड एक मजबूत आधार बनी हुई है, लेकिन बायोसिमिलर्स जैसे जटिल उत्पादों को बाजार में लाने की समय-सीमा और उनसे जुड़े खर्च महत्वपूर्ण कारक बने रहेंगे। Emcure जैसी कंपनियों के लिए अनुमानित रेवेन्यू लक्ष्यों को पाना, नए प्रोडक्ट्स को सफलतापूर्वक लॉन्च करने और डोमेस्टिक मार्केट में प्रतिस्पर्धी मूल्य बनाए रखने पर निर्भर करेगा।

Disclaimer: This article is published for informational purposes only. This is not a buy sell recommendation.