नोएड़ा में Medanta का दम, ब्रोकरेज का भरोसा
Global Health (Medanta) के शेयरों पर विश्लेषकों का भरोसा मजबूत हो रहा है। हाल ही में नोएड़ा स्थित नए फैसिलिटी के लॉन्च और बाजार के उतार-चढ़ाव के कारण स्टॉक में गिरावट आई थी, लेकिन JM Financial ने 'Buy' रेटिंग को दोहराया है। उनका मानना है कि ये दिक्कतें अस्थायी हैं। Medanta अपनी एडवांस मेडिकल सेवाओं और बेड क्षमता बढ़ाने की योजनाओं, खासकर नोएड़ा यूनिट, के दम पर भविष्य में जबरदस्त प्रॉफिट कमा सकती है।
नोएड़ा यूनिट का प्रॉफिट की ओर सफर
JM Financial के अनुसार, Q3 FY26 में नोएड़ा फैसिलिटी का रेवेन्यू ₹343 करोड़ रहा, जबकि ₹320 करोड़ का EBITDA लॉस हुआ। यह इसकी शुरुआती भारी निवेश का चरम बिंदु माना जा रहा है। स्टाफिंग और सेटअप से जुड़े अधिकांश खर्चे अब पूरे हो चुके हैं, और यूनिट धीरे-धीरे बेड और ऑपरेशनल रूम बढ़ाकर अपनी क्षमता बढ़ा रही है। नई स्पेशलिटी सेवाओं और रेडिएशन ऑन्कोलॉजी के लिए अपेक्षित मंजूरी से रेवेन्यू में इजाफा होगा। सबसे अहम बात यह है कि NABH मान्यता मिलने से मरीजों का दाखिला तेज हुआ है, जिसका रेवेन्यू पर असर फरवरी 2026 से दिखने की उम्मीद है। Q4 FY26 में ₹20-25 करोड़ के लॉस का अनुमान है, लेकिन विश्लेषक भविष्य में प्रॉफिट की स्पष्ट उम्मीद देख रहे हैं। पास के जेवर एयरपोर्ट से संभावित डिमांड भी इस प्रोजेक्ट के लिए पॉजिटिव है। फरवरी 2026 से मरीजों के दाखिले से रेवेन्यू में अच्छी खासी बढ़ोतरी और तिमाही आधार पर ₹60 करोड़ तक की बढ़त का अनुमान है।
मजबूत नेटवर्क और विस्तार की योजना
Medanta का मौजूदा हॉस्पिटल नेटवर्क भी शानदार प्रदर्शन कर रहा है। 9MFY26 में इसमें सालाना 15% के आसपास की ग्रोथ देखी गई और EBITDA मार्जिन स्थिर रहा। कंपनी का मध्य पूर्व के भू-राजनीतिक जोखिमों से संपर्क सीमित है, जिससे इंटरनेशनल पेशेंट नंबर्स में रुकावट की चिंता कम हो जाती है। वहीं, घरेलू मांग किसी भी अस्थायी मंदी की भरपाई कर देगी। मैनेजमेंट मौजूदा फैसिलिटी में 496 बेड जोड़ने और चार नए अस्पताल खोलने की योजना बना रही है, जिसका लक्ष्य FY29 तक कुल 6,375 बेड का नेटवर्क तैयार करना है। यह सोची-समझी निवेश रणनीति नेटवर्क की ओवरऑल प्रॉफिटेबिलिटी को बेहतर बनाने और कंपनी की मजबूत क्लिनिकल पहचान का फायदा उठाने के लिए है।
वैल्यूएशन और प्रतिस्पर्धा पर चिंताएं
इन सकारात्मक संकेतों के बावजूद, Medanta का शेयर इसके अनुमानित FY27 EBITDA के 21 गुने पर ट्रेड कर रहा है, जो इसके ऐतिहासिक औसत से 25% कम है। यह कम वैल्यूएशन शायद नोएड़ा यूनिट के शुरुआती लॉस और भू-राजनीतिक जोखिमों को लेकर बाजार की चिंताओं के कारण है, जिन्हें JM Financial अस्थायी मान रही है। Medanta तेजी से विस्तार कर रहा है, लेकिन इसे Apollo Hospitals और Fortis Healthcare जैसी स्थापित कंपनियों से कड़ी प्रतिस्पर्धा का सामना करना पड़ रहा है। कुछ विश्लेषक स्टॉक के प्राइस-टू-अर्निंग (P/E) मल्टीपल को लेकर चिंतित हैं, जो भारतीय बाजार और कुछ प्रतिस्पर्धियों के औसत से ज्यादा है। Q3 FY26 में ऑपरेटिंग मार्जिन घटकर 19.38% रह गया, जो पिछले साल 25.20% था। इसका कारण नए कर्मचारियों की लागत और नए फैसिलिटीज से डेप्रिसिएशन (मूल्यह्रास) बढ़ना है। Q3 FY26 में रेवेन्यू में 18-19% की ग्रोथ के बावजूद, एकमुश्त लागतों के कारण नेट प्रॉफिट (PAT) में 33.5% की भारी गिरावट दर्ज की गई।
विश्लेषकों का भरोसा और ग्रोथ अनुमान
JM Financial ने ₹1,382 के टारगेट प्राइस के साथ 'Buy' की सिफारिश जारी रखी है, जो मौजूदा स्टॉक प्राइस से 42.47% की संभावित बढ़ोतरी का संकेत देता है। यह टारगेट FY28 EBITDA के 25 गुने पर आधारित है, जो कंपनी की अनुमानित कमाई, मार्जिन सुधार की क्षमता और बेहतर वैल्यूएशन माहौल में विश्वास दिखाता है। फर्म FY26 से FY28 के बीच रेवेन्यू में 14% और EBITDA में 26% की औसत सालाना ग्रोथ (CAGR) का अनुमान लगा रही है। कुल मिलाकर, भारतीय हेल्थकेयर मार्केट में अगले तीन से पांच वर्षों में सरकारी समर्थन, बढ़ती स्वास्थ्य समस्याओं और मेडिकल टूरिज्म के कारण 12% तक की सालाना ग्रोथ की उम्मीद है। Medanta का रणनीतिक विस्तार इसे इस ग्रोथ ट्रेंड में अच्छी स्थिति में रखता है। अधिकांश विश्लेषक स्टॉक को 'Outperform' करने की सलाह दे रहे हैं, जिनका औसत टारगेट प्राइस लगभग ₹1,293.27 है।