HealthCare Global Enterprises (HCG) ने वित्त वर्ष 2027 की दूसरी तिमाही में **₹731.8 करोड़** का रेवेन्यू दर्ज किया है। हालांकि, सरकारी ड्यूटी के कारण हुए एक प्रोविजन की वजह से कंपनी का नेट प्रॉफिट **55.2%** गिरकर **₹9.25 करोड़** पर आ गया है।
टॉप-लाइन पर दमदार प्रदर्शन
हेल्थकेयर ग्लोबल एंटरप्राइजेज (HCG) ने दूसरी तिमाही में मजबूत ग्रोथ दिखाई है। कंपनी का कंसोलिडेटेड रेवेन्यू पिछले साल की समान अवधि के मुकाबले 16% बढ़कर ₹731.8 करोड़ रहा। इस तेजी के पीछे मुख्य कारण पेशेंट वॉल्यूम में 9% की वृद्धि और प्रति मरीज रेवेन्यू में 7% का इजाफा है, जो ऑन्कोलॉजी और रोबोटिक सर्जरी सेवाओं की बढ़ती मांग को दर्शाता है।
क्यों घटा मुनाफा?
कंपनी के मुनाफे में 55.2% की भारी गिरावट के पीछे एक 'वन-टाइम' झटका है। एक्सपोर्ट प्रमोशन कैपिटल गुड्स (EPCG) स्कीम के तहत कस्टम ड्यूटी शॉर्टफॉल के कारण कंपनी ने ₹11.59 करोड़ का एक्स्ट्रा ऑर्डिनरी चार्ज लिया है। यदि इस प्रोविजन को हटा दें, तो कंपनी का एडजस्टेड EBITDA मार्जिन पिछले साल के 19.2% से बेहतर होकर 19.7% पर पहुंच गया है, जो ऑपरेशनल दक्षता की ओर इशारा करता है।
एक्सपेंशन और भविष्य की राह
HCG अपने नॉन-इंस्टीट्यूशनल चैनलों पर फोकस बढ़ा रही है, जिसका कुल रेवेन्यू में 69% हिस्सा है। वहीं इंटरनेशनल बिजनेस सेगमेंट ने भी शानदार प्रदर्शन किया है, जिसमें 54% की तेजी देखी गई और रेवेन्यू ₹30.2 करोड़ रहा। विस्तार की बात करें तो, कंपनी ने पहली छमाही में 146 बेड जोड़े हैं और केन्या, कोलकाता तथा नागपुर में मौजूदगी मजबूत की है।
निवेशकों के लिए जरूरी संकेत
कंपनी FY2027 और FY2028 के लिए प्रति वर्ष ₹300 करोड़ से ₹350 करोड़ तक का कैपिटल एक्सपेंडिचर (CapEx) करने वाली है। निवेशकों की नजर अब इस बात पर होनी चाहिए कि कंपनी कैसे अपने नए हॉस्पिटल्स को समय पर चालू करती है और कैसे बढ़ते हुए कंसल्टेंसी व एम्प्लॉई बेनिफिट खर्चों को बैलेंस करते हुए मार्जिन को बरकरार रखती है।
