दिग्गज फार्मा कंपनी Dr. Reddy’s Laboratories ने 'Nivorz' नाम की नई कैंसर थेरेपी लॉन्च की है। यह दवा कंपनी की हैदराबाद स्थित फैसिलिटी में बनी है और इसका मुकाबला **₹3,900 करोड़** के Immuno-oncology मार्केट में होगा।
नई दवा का बाजार में दबदबा
Dr. Reddy’s Laboratories ने अब स्पेशलाइज्ड Immuno-oncology मार्केट में कदम रख दिया है। कंपनी की यह नई दवा 'Nivorz', अंतरराष्ट्रीय स्तर पर मशहूर दवा 'Opdivo' का बायोसिमिलर वर्जन है। इसे Drugs Controller General of India से 12 अलग-अलग इंडिकेशन्स के लिए मंजूरी मिली है, जो कई तरह के कैंसर के इलाज में काम आएगी।
इस दवा को कंपनी अपनी हैदराबाद की Bachupally फैसिलिटी में तैयार कर रही है। इसके क्लिनिकल ट्रायल में कुल 288 मरीजों को शामिल किया गया था, जिनमें से 252 भारतीय और 36 रूसी मरीज थे। इस लॉन्च के जरिए कंपनी ₹3,900 करोड़ के विशाल बाजार में अपनी हिस्सेदारी बढ़ाने की तैयारी में है।
शेयर पर दबाव, निवेशक सतर्क
लॉन्च के ऐलान के बावजूद, बाजार ने इस पर मिश्रित प्रतिक्रिया दी है। 15 सितंबर 2026 को कंपनी के शेयर ₹1,144.40 पर बंद हुए, जिसमें 1.82% की गिरावट देखने को मिली। जानकारों का मानना है कि कंपनी का यह कदम पोर्टफोलियो डायवर्सिफिकेशन के लिए तो अच्छा है, लेकिन निवेशकों को अभी शॉर्ट-टर्म परफॉर्मेंस की चिंता सता रही है।
रिस्क और ध्यान रखने वाली बातें
कंपनी के सामने अब सबसे बड़ी चुनौती इस दवा की मेडिकल कम्युनिटी में पैठ बनाना और कॉम्पिटिटिव प्राइसिंग को मैनेज करना है। साथ ही, USFDA की तरफ से लगातार मिल रही रेगुलेटरी ऑब्जर्वेशन भी एक बड़ा मुद्दा है। फार्मा सेक्टर में नई दवाओं के आने से अक्सर प्राइस इरोजन (Price Erosion) का खतरा रहता है, जिसे देखना जरूरी होगा। निवेशकों की नजर अब इस बात पर रहेगी कि कंपनी का नेट मार्जिन इस नए सेगमेंट में कैसा रहता है और रेगुलेटरी क्लीयरेंस आगे कैसे मिलते हैं।
