Dr. Reddy's Laboratories को HIV प्रिवेंशन ड्रग Lenacapavir के जेनेरिक वर्जन के लिए USFDA से अस्थायी मंजूरी मिल गई है। यह साल में दो बार दी जाने वाली इंजेक्टेबल दवा **120** निम्न और मध्यम आय वाले देशों में किफायती दाम पर उपलब्ध कराने का लक्ष्य रखा गया है।
ग्लोबल मार्केट में बड़ी तैयारी
Dr. Reddy's को 2 नवंबर, 2026 को USFDA से यह मंजूरी मिली है। यह दवा मुख्य रूप से वयस्कों और किशोरों में HIV-1 के खतरे को कम करने के लिए है। कंपनी ने Gilead Sciences के साथ 2024 में एक वॉलंटरी लाइसेंसिंग एग्रीमेंट साइन किया था, जिसके तहत इसका मकसद 120 देशों में इलाज को सुलभ बनाना है। कंपनी की योजना इस दवा को $40 प्रति व्यक्ति सालाना की किफायती कीमत पर पेश करने की है।
फाइनेंशियल हेल्थ और स्ट्रैटेजी
कंपनी की बैलेंस शीट काफी मजबूत दिख रही है, जिसका नेट डेट-टू-इक्विटी रेशियो करीब 0.09 है। यह वित्तीय मजबूती कंपनी को जटिल फार्मा प्रोजेक्ट्स में निवेश करने की ताकत देती है। हालांकि कंपनी का मुख्य कारोबार अभी भी US में जेनेरिक दवाओं के गिरते मार्जिन के दबाव से जूझ रहा है, ऐसे में यह नई पहल एक बड़ा सहारा साबित हो सकती है।
निवेशकों के लिए चुनौतियां
मंजूरी मिलना एक सकारात्मक संकेत है, लेकिन असली परीक्षा इसका रोलआउट है। कंपनी को 120 अलग-अलग देशों के स्थानीय रेगुलेटरी फ्रेमवर्क को पार करना होगा। अगर किसी एक भी मार्केट में देरी होती है, तो इसका असर कंपनी की सप्लाई टाइमलाइन पर पड़ सकता है। इसके अलावा, इस सेगमेंट में बढ़ती कॉम्पिटिशन और जटिल मैन्युफैक्चरिंग कॉस्ट को मैनेज करना भी कंपनी के लिए एक बड़ी चुनौती होगी। निवेशक 2026 के अंत में शुरू होने वाली शुरुआती सप्लाई और 2027 में इसके स्केलिंग पर कड़ी नजर रखेंगे।
