ब्रिस्टल मायर्स स्क्विब ने भारत में दवा लॉन्च को गति देने के लिए AI का इस्तेमाल किया, फार्मा में हलचल!

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AuthorKaran Malhotra|Published at:
ब्रिस्टल मायर्स स्क्विब ने भारत में दवा लॉन्च को गति देने के लिए AI का इस्तेमाल किया, फार्मा में हलचल!
Overview

ब्रिस्टल मायर्स स्क्विब (Bristol Myers Squibb) भारत को विकास का एक महत्वपूर्ण इंजन बना रहा है, आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (AI) का लाभ उठाकर दवा लॉन्च और व्यावसायीकरण को तेजी से आगे बढ़ा रहा है। कंपनी मुंबई में एक नया Gen AI हब बनाने के लिए $100 मिलियन से अधिक का निवेश कर रही है, जिसका लक्ष्य दवा व्यावसायीकरण के समय को महीनों से घटाकर केवल दो सप्ताह करना है। यह रणनीतिक कदम ऑन्कोलॉजी, हेमाटोलॉजी, कार्डियोवास्कुलर और इम्यूनोलॉजी में नई दवाओं के एक मजबूत पाइपलाइन का समर्थन करता है, BMS को भविष्य में पेटेंट की समाप्ति (patent cliffs) के लिए तैयार करता है और मरीजों तक पहुंच बढ़ाता है।

Bristol Myers Squibb Embraces AI for India Growth

ब्रिस्टल मायर्स स्क्विब भारत को प्रमुख विकास इंजन (key growth engine) बना रहा है, महत्वपूर्ण पाइपलाइन गतिविधि (significant pipeline activity) के दौर में प्रवेश कर रहा है और फार्मास्युटिकल व्यावसायीकरण (pharmaceutical commercialization) को बदलने के लिए आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस का उपयोग कर रहा है।
कंपनी, जिसने पिछले साल $48 बिलियन से अधिक की बिक्री हासिल की है, अगले 12-18 महीनों में ऑन्कोलॉजी, हेमाटोलॉजी, कार्डियोवास्कुलर और इम्यूनोलॉजी में दवाओं के लिए कई वैश्विक डेटा रीडआउट (global data readouts) की उम्मीद कर रही है। यह विस्तार तब हो रहा है जब BMS हाइपरट्रॉफिक कार्डियोमायोपैथी के लिए mavacamten (Camzyos) और एक विस्तारित ऑन्कोलॉजी पोर्टफोलियो जैसे नए लॉन्च के साथ भारत में अपनी उपस्थिति बढ़ा रहा है।

Pipeline Expansion and Innovation

मजबूत पाइपलाइन में मल्टीपल मायलोमा के लिए iberdomide और marizomib, स्ट्रोक की रोकथाम और एट्रियल फाइब्रिलेशन के लिए कार्डियोवास्कुलर रोग के लिए milvexian, GPRC5D, एक नया सेल थेरेपी एजेंट, और पल्मोनरी फाइब्रोसिस के लिए melpront जैसे आशाजनक उपचार शामिल हैं। ये विकास महत्वपूर्ण स्वास्थ्य आवश्यकताओं को पूरा करने के लिए BMS की प्रतिबद्धता को रेखांकित करते हैं।

AI-Driven Commercialization Hub

BMS AI-संचालित व्यावसायीकरण (AI-led commercialization) में $100 मिलियन से अधिक का निवेश कर रहा है। मुंबई में एक्सेंचर (Accenture) के साथ साझेदारी में हाल ही में लॉन्च किया गया Gen AI हब इस रणनीति के केंद्र में है। हब को दवा व्यावसायीकरण की समय-सीमा को काफी कम करने के लिए डिज़ाइन किया गया है, जिससे नए क्लिनिकल परीक्षण डेटा पर प्रदाताओं (prescribers) को अपडेट करने का समय पांच से छह महीने से घटाकर केवल दो सप्ताह कर दिया गया है। यह त्वरण विश्व स्तर पर चिकित्सकों (physicians) और रोगियों (patients) के साथ अधिक व्यक्तिगत जुड़ाव को भी सक्षम बनाता है।

India's Strategic Role

"भारत एक महत्वपूर्ण बाजार है जहां हमने मजबूत वृद्धि, शानदार प्रदर्शन देखा है, और हम अधिक से अधिक रोगियों की मदद करने के लिए यहां अधिक से अधिक उत्पाद ला रहे हैं," एडम लेनकोव्स्की, कार्यकारी उपाध्यक्ष और मुख्य व्यावसायीकरण अधिकारी (executive vice-president and chief commercialisation officer) BMS ने कहा। उन्होंने इस बात पर जोर दिया कि भारत को बैकएंड ऑफिस (backend office) के रूप में नहीं, बल्कि एक प्रमुख नवाचार केंद्र (leading innovation center) के रूप में इस्तेमाल किया जा रहा है। BMS में AI कमर्शियल ट्रांसफॉर्मेशन की प्रमुख (head of AI commercial transformation) अनविता कराड़ा ने पुष्टि की, "मुंबई टीम AI का नेतृत्व कर रही है। यह वास्तविक नवाचार है - नवाचार जो हमारे सोचने और काम करने के तरीके को शक्ति प्रदान करेगा।"

Preparing for Future Growth

AI पर यह ध्यान BMS की ब्लॉकबस्टर दवाओं के संभावित एक्सक्लूसिविटी की हानि (eventual loss of exclusivity) के लिए तैयारी की रणनीति का भी हिस्सा है। जबकि इम्यूनो-ऑन्कोलॉजी दवा Opdivo विश्व स्तर पर मजबूत प्रदर्शन जारी रखेगी, कंपनी को इस दशक के बाद पेटेंट क्लिफ (patent cliff) का सामना करना पड़ेगा। 2030 के बाद निरंतर वृद्धि सुनिश्चित करने के लिए, BMS अपनी पाइपलाइन को प्राथमिकता दे रहा है, जिसमें बाईस्पेशियल्स (bispecifics), अगली पीढ़ी के सेल थेरेपी, और कार्डियोवास्कुलर और इम्यूनोलॉजी एसेट्स (assets) शामिल हैं। लेनकोव्स्की ने अपने लगभग 30 साल के करियर में सबसे मजबूत पाइपलाइन बताते हुए, संभावित रूप से दस नई दवाएं और 30 नए संकेत (indications) लॉन्च करने के अवसर पर प्रकाश डाला।

Impact

ब्रिस्टल मायर्स स्क्विब जैसे प्रमुख बायोफार्मा खिलाड़ी द्वारा दवा व्यावसायीकरण में AI को रणनीतिक रूप से अपनाने से गति और दक्षता (speed and efficiency) के लिए नए उद्योग मानक स्थापित हो सकते हैं। भारत के लिए, यह वैश्विक फार्मास्युटिकल नवाचार में एक बढ़ती भूमिका का संकेत देता है और रोगियों के लिए उन्नत उपचारों तक त्वरित पहुंच प्रदान करता है। देश में AI क्षमताओं में बढ़ा हुआ निवेश स्वास्थ्य सेवा क्षेत्र में और तकनीकी प्रगति को बढ़ावा दे सकता है।
Impact Rating: 7/10

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