लंदन स्थित बायोटेक फर्म Basecamp Research ने अपनी सीरीज-सी फंडिंग में **$140 मिलियन** जुटाए हैं। इस नए निवेश के साथ कंपनी की वैल्यूएशन **$800 मिलियन** हो गई है, जिसका इस्तेमाल अब AI-आधारित ड्रग डिस्कवरी और कैंसर व ऑटोइम्यून बीमारियों के क्लिनिकल ट्रायल्स में किया जाएगा।
भारी निवेश और बड़े नाम
AI के जरिए ड्रग डिस्कवरी की दिशा में काम कर रही कंपनी Basecamp Research ने हाल ही में $140 मिलियन की सीरीज-सी फंडिंग पूरी की है। इस राउंड में Nvidia, NATO Innovation Fund, S32, Anthology Fund और Rockefeller Foundation जैसे दिग्गज निवेशकों ने पैसा लगाया है। कंपनी अब अपनी कुल वैल्यूएशन $800 मिलियन तक पहुंच गई है।
EDEN मॉडल और नया लक्ष्य
कंपनी के पास 'EDEN' नाम का एक बायोलॉजिकल फाउंडेशन मॉडल है, जो जेनोमिक डेटा का उपयोग करता है। कंपनी का उद्देश्य इस मॉडल के जरिए ड्रग खोजने की पारंपरिक और धीमी प्रक्रिया को तेज करना है। इसके साथ ही, कंपनी का फोकस ऐसी थेरेपी बनाने पर है जो मरीज के शरीर के सेल्स को रीप्रोग्राम कर सके। हालांकि, कंपनी ने अभी तक क्लिनिकल ट्रायल्स शुरू करने की कोई फिक्स टाइमलाइन नहीं दी है।
आगे की चुनौतियां और नियुक्ति
AI-बायोटेक सेक्टर में कॉम्पिटिशन काफी बढ़ गया है और क्लिनिकल ट्रायल्स का खर्च बहुत ज्यादा होता है। इन चुनौतियों से निपटने के लिए कंपनी ने Biogen के पूर्व अधिकारी Richard Pearce को चीफ बिजनेस ऑफिसर के तौर पर नियुक्त किया है। यह फंड अक्टूबर 2024 में मिले $60 मिलियन की सीरीज-बी फंडिंग के बाद आया है, जो कंपनी की बढ़ती पूंजी जरूरतों को दर्शाता है। अब बाजार की नजर इस बात पर है कि कंपनी अपने शोध को कब तक इंसानी ट्रायल्स तक ले जा पाती है।
