Ayati Devices ने Inflexor Ventures की अगुवाई में प्री-सीरीज़ A राउंड में **₹15 करोड़** की फंडिंग जुटाई है। यह बेंगलुरु की कंपनी डायबिटिक जटिलताओं के लिए डायग्नोस्टिक टूल बनाती है और इस पैसे का इस्तेमाल मैन्युफैक्चरिंग और AI रिसर्च को बढ़ावा देने के लिए करेगी।
बेंगलुरु की मेडिकल टेक्नोलॉजी स्टार्टअप Ayati Devices ने प्री-सीरीज़ A फंडिंग राउंड में ₹15 करोड़ जुटाए हैं। इस राउंड का नेतृत्व Inflexor Ventures ने किया। इस फंड का इस्तेमाल कंपनी अपनी मैन्युफैक्चरिंग क्षमता बढ़ाने और डायग्नोस्टिक प्लेटफॉर्म्स को भारतीय और अंतर्राष्ट्रीय बाजारों में तेजी से लॉन्च करने के लिए करेगी।
डायबिटिक कॉम्प्लिकेशन्स के लिए खास टूल
साल 2019 में स्थापित और IIT बॉम्बे के इनक्यूबेटर से निकली यह कंपनी पोर्टेबल, पॉइंट-ऑफ-केयर डायग्नोस्टिक उपकरण बनाती है। इनके मुख्य प्रोडक्ट्स में Vibrasense, Vasosense और Angiocam जैसे डिवाइस शामिल हैं। ये डायबिटिक फुट कॉम्प्लिकेशन्स और वैस्कुलर कंडीशंस की पहचान करने में डॉक्टरों की मदद करते हैं। इन तकनीकों का इस्तेमाल अक्सर प्राइमरी केयर क्लीनिकों और अस्पतालों में उन जांचों के लिए किया जाता है जिनके लिए पारंपरिक रूप से विशेष सुविधाओं की आवश्यकता होती थी।
वैश्विक मानकों पर फोकस
Ayati Devices के 10,000 से अधिक यूनिट्स 30 देशों में पहले ही तैनात किए जा चुके हैं। कंपनी ने ग्लोबल क्वालिटी स्टैंडर्ड्स का पालन करने पर जोर दिया है। भारत के सेंट्रल ड्रग्स स्टैंडर्ड कंट्रोल ऑर्गनाइजेशन (CDSCO) के साथ-साथ US FDA और यूरोपीय बाजारों के लिए CE सर्टिफिकेशन भी कंपनी के पास हैं।
यह नई फंडिंग आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (AI) में कंपनी के रिसर्च को और मजबूत करने में मदद करेगी। कंपनी AI का इस्तेमाल क्लिनिकल डिसीजन-सपोर्ट सिस्टम बनाने में करेगी, जो डायग्नोस्टिक डेटा का विश्लेषण करके अल्सर के विकास की भविष्यवाणी करने या पेशेंट की आगे की देखभाल का प्रबंधन करने में सहायता करेगा।
भविष्य की राह
मेडिकल डिवाइस सेक्टर के जानकारों के लिए, ऐसी कंपनियों का विकास परिचालन पर निर्भर करता है। सख्त वैश्विक नियामक मानकों को बनाए रखते हुए मैन्युफैक्चरिंग को बढ़ाना एक महत्वपूर्ण पूंजी और तकनीकी प्रयास है। इसके अलावा, कंपनी एक विशेष बाजार में काम करती है जहां अस्पतालों और क्लीनिकों द्वारा क्लिनिकल रूप से इसे अपनाना दीर्घकालिक विकास के लिए आवश्यक है। Ayati Devices एक प्राइवेट कंपनी है, इसलिए यह NSE या BSE जैसे सार्वजनिक स्टॉक एक्सचेंजों पर ट्रेड नहीं करती। इसका प्रदर्शन दैनिक शेयर मूल्य की हलचल से नहीं, बल्कि उत्पाद अपनाने की क्षमता और वित्तीय स्थिरता बनाए रखने से मापा जाता है।
भविष्य में, कंपनी को अपने AI-एन्हांस्ड डायग्नोस्टिक टूल्स की वास्तविक क्लिनिकल सेटिंग्स में प्रभावशीलता साबित करनी होगी और अंतर्राष्ट्रीय सप्लाई चेन की जटिलताओं को संभालना होगा। कंपनी की भविष्य की ग्रोथ उसकी डायग्नोस्टिक प्लेटफॉर्म की मांग को बनाए रखने और अत्यधिक विनियमित मेडिकल डिवाइस उद्योग की परिचालन चुनौतियों से निपटने की क्षमता पर निर्भर करेगी।
