Agilisium ने अपने एशिया हेडक्वार्टर को चेन्नई से हैदराबाद शिफ्ट करने का बड़ा फैसला लिया है। इस रणनीति का मकसद लाइफ साइंसेज और AI टैलेंट के दम पर **$500 मिलियन** का रेवेन्यू और **5,000** कर्मचारियों की टीम बनाने का लक्ष्य हासिल करना है।
नई राह पर Agilisium
डेटा, क्लाउड और AI सॉल्यूशंस में काम करने वाली कंपनी Agilisium ने अपनी विस्तार रणनीति के तहत हैदराबाद को अपना नया एशिया हेडक्वार्टर बनाने की घोषणा की है। हैदराबाद में फार्मा और बायोटेक इकोसिस्टम का लाभ उठाने के लिए कंपनी ने यह कदम उठाया है। इस शिफ्ट का सबसे बड़ा कारण लाइफ साइंसेज में AI के इस्तेमाल को तेजी से आगे बढ़ाना है।
बड़े लक्ष्य और विस्तार योजना
कंपनी ने अपने भविष्य के लिए एक आक्रामक रोडमैप तैयार किया है। Agilisium का लक्ष्य आने वाले 5 से 7 वर्षों में $500 मिलियन का सालाना रेवेन्यू हासिल करना है। इस लक्ष्य को पाने के लिए कंपनी अपनी वर्कफोर्स को बढ़ाकर 5,000 करने की योजना बना रही है। हैदराबाद में 'BioAsia' जैसे बड़े प्लेटफॉर्म्स और वहां के सरकारी सपोर्ट ने कंपनी को इस शहर को चुनने के लिए प्रेरित किया है।
चेन्नई और पुणे का क्या होगा?
कंपनी ने साफ किया है कि इस बदलाव के बावजूद चेन्नई और पुणे में उनके ऑपरेशन पहले की तरह चलते रहेंगे। यह 'डुअल-लोकेशन स्ट्रेटेजी' क्लाइंट्स को बिना किसी रुकावट के सर्विस देने के लिए अपनाई गई है। हालांकि, हैदराबाद में कंपनी को पहले से मौजूद ग्लोबल दिग्गजों के बीच स्किल्ड टैलेंट के लिए कड़े मुकाबले का सामना भी करना होगा।
