Vikram Solar की सब्सिडियरी VSL PowerHive चेन्नई में एक नया बैटरी स्टोरेज प्लांट स्थापित करने जा रही है। अप्रैल 2027 तक चालू होने वाले इस प्लांट के जरिए कंपनी अपने **30 GWh** के लक्ष्य को हासिल करना चाहती है, हालांकि कंपनी के गिरते प्रॉफिट मार्जिन पर निवेशकों को नजर रखने की जरूरत है।
चेन्नई में नया हब
VSL PowerHive ने चेन्नई के ओरागडम में अपना नया मैन्युफैक्चरिंग हब बनाने का एलान किया है। यह फैसिलिटी लिथियम आयरन फॉस्फेट (LFP) एनर्जी स्टोरेज सिस्टम तैयार करेगी। इस प्लांट की शुरुआती क्षमता 7.5 GWh होगी, जिसे भविष्य में बढ़ाकर 15 GWh तक ले जाने की योजना है। कंपनी का लक्ष्य जनवरी 2027 में साइट का उद्घाटन करना और अप्रैल 2027 तक कमर्शियल प्रोडक्शन शुरू करना है।
फाइनेंशियल हेल्थ और चुनौतियां
कंपनी ने फाइनेंशियल ईयर 2027 की पहली तिमाही में 38% का रेवेन्यू ग्रोथ दिखाया है, लेकिन निवेशकों के लिए चिंता की बात इसका प्रॉफिट मार्जिन है। कंपनी का ऑपरेटिंग प्रॉफिट मार्जिन पिछले साल के 21% से गिरकर इस बार 8% पर आ गया है। यह साफ दिखाता है कि कामकाज को बढ़ाने के चक्कर में लागत का दबाव बढ़ रहा है।
रिस्क और रेटिंग
यह एक भारी-भरकम (Capital-intensive) प्रोजेक्ट है, जिसमें निवेश का सीधा असर कैश फ्लो और कर्ज पर पड़ेगा। अगस्त 2026 में India Ratings ने कंपनी की बैंक लोन फैसिलिटी को 'IND A+' रेटिंग दी थी। अब निवेशकों के लिए सबसे महत्वपूर्ण यह होगा कि कंपनी निर्माण की लागत को कैसे मैनेज करती है और अपने मार्जिन को वापस पुराने स्तर पर कैसे लाती है।
