अपनी प्रोडक्शन क्षमता को बढ़ाने और गिरावट को थामने के लिए Vedanta Oil & Gas ने राजस्थान में ₹2,000 करोड़ ($200 मिलियन) के भारी निवेश का ऐलान किया है। कंपनी जून 2026 में लिस्ट होने के बाद से अब अपनी पहली बड़ी स्ट्रैटेजी पर काम कर रही है।
प्रोडक्शन बढ़ाने की नई रणनीति
कंपनी वित्त वर्ष 2026-27 के दौरान अपने मुख्य फील्ड्स यानी मंगला, भाग्यम और ऐश्वर्या में एडवांस्ड एक्सट्रैक्शन टेक्नोलॉजी का इस्तेमाल करेगी। कंपनी का मुख्य लक्ष्य रिजर्वोयर से होने वाली 1% से 3% की प्राकृतिक गिरावट को रोकना है। सबसे ज्यादा फोकस मंगला फील्ड पर है, जहां कंपनी की योजना दैनिक उत्पादन को 80,000 बैरल से बढ़ाकर 1,50,000 बैरल से ऊपर ले जाने की है।
निवेशकों के लिए अहम जानकारी
जून 2026 में अलग लिस्टेड एंटिटी बनने के बाद से कंपनी के लिए यह निवेश अपनी क्षमता साबित करने का पहला बड़ा मौका है। हालांकि, निवेशकों को यह भी समझना होगा कि ऑयल और गैस सेक्टर में ग्लोबल कमोडिटी कीमतों में उतार-चढ़ाव और प्रोडक्शन शेयरिंग एग्रीमेंट जैसे रेगुलेटरी रिस्क हमेशा बने रहते हैं।
बाजार की नजर
1 अक्टूबर, 2026 को कंपनी का शेयर नेशनल स्टॉक एक्सचेंज पर ₹252.05 पर बंद हुआ था। बाजार अब इस बात पर नजर रखेगा कि क्या कंपनी बिना लागत बढ़ाए इन एडवांस्ड तकनीकों का सही क्रियान्वयन कर पाती है या नहीं। आने वाली तिमाहियों के रिजल्ट्स में मैनेजमेंट का कमेंट्री और प्रॉफिट मार्जिन पर इसका असर देखना काफी दिलचस्प होगा।
