मुनाफे में गिरावट के बावजूद मार्जिन की मजबूती
Tata Power के तीसरी तिमाही (Q3 FY26) के नतीजे मिले-जुले रहे। कंपनी का कंसोलिडेटेड नेट प्रॉफिट पिछले साल की समान अवधि के ₹1,031 करोड़ से 25.1% घटकर ₹772 करोड़ पर आ गया। वहीं, रेवेन्यू में भी 9.4% की गिरावट आई और यह ₹13,948 करोड़ रहा। कंपनी का EBITDA भी 8.9% घटकर ₹3,055 करोड़ दर्ज किया गया। लेकिन, सबसे खास बात यह रही कि कंपनी अपने ऑपरेशनल मार्जिन को बनाए रखने में सफल रही। EBITDA मार्जिन 21.9% पर रहा, जो पिछले साल की तीसरी तिमाही के 21.8% से मामूली बेहतर है। यह स्थिरता, भले ही मुनाफा कम हुआ हो, कॉस्ट मैनेजमेंट या एनर्जी मिक्स में बदलाव का संकेत देती है। कंपनी की प्रति शेयर आय (EPS) ₹8.6 रही और इक्विटी पर रिटर्न (ROE) 11.2% दर्ज किया गया।
सेक्टर की चुनौतियों के बीच शेयर में उछाल
नतीजों में मुनाफा गिरने के बावजूद, Tata Power के शेयर ने बुधवार को बाजार में अच्छी चाल दिखाई। शेयर 1.63% चढ़कर ₹371.05 पर बंद हुआ, जो निफ्टी के 0.19% के मामूली उछाल से बेहतर प्रदर्शन था। पिछले बारह महीनों में शेयर में 2.49% की गिरावट आई है। बुधवार की तेजी को निवेशकों की मार्जिन परफॉर्मेंस को मिली सराहना माना जा रहा है। भारतीय पावर सेक्टर इस समय एक मिले-जुले माहौल से गुजर रहा है। कोयले के आयात में 54% की भारी कमी आई है, जिससे डोमेस्टिक प्लांट्स को फायदा हो सकता है। हालांकि, इंडोनेशियाई कोयले की कीमतें उत्पादन में कटौती के कारण बढ़ रही हैं। वहीं, इंडिया एनर्जी एक्सचेंज पर बिजली की कीमतें भी तीसरी तिमाही में गिरी हैं, जिससे मर्चेंट पावर बिक्री पर दबाव पड़ सकता है।
ग्रीन एनर्जी पर फोकस और प्रतिस्पर्धियों से तुलना
Tata Power अपनी ग्रीन एनर्जी की ओर रणनीति पर तेजी से काम कर रही है। कंपनी की कुल क्षमता 26.3 GW है, जिसमें से 17.5 GW क्लीन और ग्रीन एनर्जी से है, जिसमें 10 GW निर्माणाधीन है। कंपनी के सोलर, विंड और हाइड्रो एसेट्स इसके रिन्यूएबल पोर्टफोलियो का हिस्सा हैं। रिन्यूएबल एनर्जी के साथ-साथ ट्रांसमिशन और डिस्ट्रीब्यूशन बिजनेस भी इसकी ग्रोथ स्ट्रैटेजी का अहम हिस्सा हैं। अगर हम प्रतिस्पर्धियों की बात करें, तो NTPC का मुनाफा तीसरी तिमाही में 8.4% बढ़कर ₹5,489 करोड़ रहा, जबकि Adani Power का नेट प्रॉफिट गिरकर ₹2,488 करोड़ हो गया। Tata Power का P/E रेश्यो लगभग 29.4 है, जो NTPC (23.70) से ज्यादा है लेकिन Adani Power (25.30) के करीब है। 4 फरवरी 2026 तक कंपनी का मार्केट कैपिटलाइजेशन करीब ₹1.18 ट्रिलियन था।
विश्लेषकों का नजरिया अभी भी सकारात्मक
विश्लेषकों का Tata Power पर नजरिया फिलहाल सतर्कता के साथ सकारात्मक (Cautiously Optimistic) बना हुआ है। उन्होंने शेयर के लिए औसतन ₹479.50 का टारगेट प्राइस दिया है, जो मौजूदा स्तरों से लगभग 29.61% की बढ़त का संकेत देता है। ब्रोकरेज फर्मों की 'आउटपरफॉर्म' की रेटिंग बनी हुई है। हालांकि, हालिया नतीजों में कंपनी का नेट प्रॉफिट उम्मीदों से कम रहा, और एक ब्रोकरेज फर्म ने हाल ही में स्टॉक को डाउनग्रेड भी किया है। इसके बावजूद, कंपनी की मजबूत रिन्यूएबल कैपेसिटी, ट्रांसमिशन और डिस्ट्रीब्यूशन में लगातार निवेश, और कॉस्ट मैनेजमेंट के प्रयास विश्लेषकों के सकारात्मक रुख का मुख्य आधार बने हुए हैं, भले ही मौजूदा वित्तीय प्रदर्शन में कुछ मुश्किलें दिख रही हों।