Reliance Industries: अब ईरान से भी कच्चा तेल खरीदेगी कंपनी! प्रतिबंधों में छूट का उठाया फायदा

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AuthorNeha Patil|Published at:
Reliance Industries: अब ईरान से भी कच्चा तेल खरीदेगी कंपनी! प्रतिबंधों में छूट का उठाया फायदा
Overview

Reliance Industries के निवेशकों के लिए एक बड़ी खबर आई है। कंपनी ने अमेरिकी प्रतिबंधों में मिली अस्थायी छूट का फायदा उठाते हुए ईरान से **50 लाख बैरल** कच्चे तेल की खरीद की है। यह भारत द्वारा मई **2019** के बाद ईरान से पहला तेल सौदा है।

Reliance का बड़ा दांव: 3 साल बाद ईरान से पहली डील

Reliance Industries ने अमेरिकी प्रतिबंधों में मिली अस्थायी सेंक्शन्स वेवर (Sanctions Waiver) का इस्तेमाल करते हुए ईरान से 50 लाख बैरल कच्चे तेल का एक बड़ा सौदा किया है। यह डील खास है क्योंकि भारत मई 2019 के बाद पहली बार ईरान से कच्चा तेल खरीद रहा है। इस सौदे के तहत 20 मार्च तक लोड किए गए तेल को 19 अप्रैल तक डिस्चार्ज करना होगा। रिपोर्ट्स के मुताबिक, यह सौदा ICE Brent फ्यूचर्स से $7 प्रीमियम पर तय हुआ है।

बाकी रिफाइनरियां पीछे, Reliance ने दिखाई तेजी

Reliance Industries की इस फुर्ती के विपरीत, भारत की अन्य बड़ी रिफाइनरियां जैसे Indian Oil Corporation, Bharat Petroleum और Hindustan Petroleum इस तरह के सौदों से फिलहाल पीछे हट रही हैं। उन्हें पेमेंट, शिपिंग और इंश्योरेंस जैसी चुनौतियों का सामना करना पड़ रहा है। यही नहीं, चीन की बड़ी कंपनी Sinopec ने भी साफ कर दिया है कि वह ईरान के तेल की खरीद से काफी हद तक दूर रहेगी, क्योंकि वेवर की छोटी अवधि और इससे जुड़े जोखिम उन्हें ज्यादा लग रहे हैं। इससे पता चलता है कि Reliance का रिस्क एपेटाइट (Risk Appetite) ज्यादा है या वह इन जटिलताओं से निपटने में ज्यादा सक्षम है।

भू-राजनीतिक तनाव और तेल सप्लाई का डर

यह डील ऐसे समय में हुई है जब दुनिया भर में भू-राजनीतिक तनाव बढ़ रहा है और तेल सप्लाई में रुकावट का डर सता रहा है। अमेरिका के ट्रेजरी डिपार्टमेंट की ओर से यह वेवर वैश्विक बाजारों में 140 मिलियन बैरल तेल लाने की कोशिश का हिस्सा है, लेकिन इसकी सख्त शर्तें लॉजिस्टिकल और फाइनेंशियल हर्डल्स (Financial Hurdles) पैदा कर रही हैं। स्ट्रेट ऑफ होर्मुज (Strait of Hormuz) के आसपास बढ़ते तनाव के चलते ब्रेंट क्रूड (Brent Crude) का भाव $103 प्रति बैरल के करीब पहुंच गया है।

एनालिस्ट्स का भरोसा कायम

कुछ जोखिमों के बावजूद, एनालिस्ट्स Reliance Industries पर बुलिश (Bullish) बने हुए हैं। Morgan Stanley ने दिसंबर 2025 में FY26 को कैश फ्लो के लिए "ब्रेकआउट ईयर" (Breakout Year) बताते हुए टारगेट प्राइस ₹1,847 रखा था। Motilal Oswal ने मार्च 2026 में 'Buy' रेटिंग देते हुए ₹1,750 का टारगेट दिया है। JM Financial भी Reliance को खरीदने की सलाह दे रहा है, क्योंकि उनका मानना है कि 19.58 का प्राइस-टू-अर्निंग्स रेशियो (P/E Ratio) इंडस्ट्री एवरेज 15.12 के मुकाबले काफी सस्ता है। एनालिस्ट्स को FY26 से कंपनी की कमाई में बड़ी बढ़ोतरी और कैपिटल रिटर्न्स की उम्मीद है।

Reliance Industries के शेयर 24 मार्च, 2026 को लगभग ₹1,411.80 पर ट्रेड कर रहे थे, जिनकी मार्केट वैल्यू करीब ₹19.1 ट्रिलियन थी।

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