Power Grid Corporation of India को कृष्णागिरी REZ फेज-I प्रोजेक्ट मिल गया है। इस प्रोजेक्ट के तहत कंपनी तीन राज्यों में नए सबस्टेशन और ट्रांसमिशन लाइनें बनाएगी। इससे रिन्यूएबल एनर्जी को राष्ट्रीय ग्रिड से जोड़ने में मदद मिलेगी और कंपनी की प्रोजेक्ट पाइपलाइन मजबूत होगी।
ट्रांसमिशन सेक्टर में पावर ग्रिड का जलवा
Power Grid Corporation of India Limited को कृष्णागिरी रिन्यूएबल एनर्जी जोन (REZ) फेज-I के इंटीग्रेशन के लिए ट्रांसमिशन प्रोजेक्ट का ठेका मिला है। इस प्रोजेक्ट को टैरिफ-आधारित कॉम्पिटिटिव बिडिंग (tariff-based competitive bidding) प्रक्रिया के जरिए जीता गया है। इसे 'बिल्ड, ओन, ऑपरेट और ट्रांसफर' (build, own, operate, and transfer) मॉडल पर पूरा किया जाएगा। इस मॉडल से कंपनी इंफ्रास्ट्रक्चर विकसित करके एक तय अवधि तक उसका संचालन करेगी, जिससे उसे नियमित आय (regulated returns) मिलती रहेगी।
प्रोजेक्ट का दायरा और विस्तार
इस प्रोजेक्ट का मकसद रिन्यूएबल एनर्जी को नेशनल ग्रिड से जोड़ना है। इसके तहत, कंपनी आंध्र प्रदेश में दो नए 765/400 kV के सबस्टेशन स्थापित करेगी। साथ ही, कई 765 kV और 400 kV की ट्रांसमिशन लाइनें और जरूरी इलेक्ट्रिकल बे (electrical bays) भी बनाई जाएंगी। यह इंफ्रास्ट्रक्चर आंध्र प्रदेश, तेलंगाना और कर्नाटक में फैलेगा और रीजनल पावर ट्रांसमिशन नेटवर्क का अहम हिस्सा बनेगा।
ट्रांसमिशन पोर्टफोलियो का विस्तार
यह प्रोजेक्ट कंपनी के लिए एक बड़ी सफलता है। इससे पहले, 9 जुलाई 2026 को भी कंपनी ने भडला-III, रामगढ़ और कानपुर सबस्टेशनों में ऑग्मेंटेशन वर्क (augmentation work) का एक और कॉन्ट्रैक्ट जीता था। इन लगातार मिली प्रोजेक्ट्स की जीतें पावर सेक्टर में कंपनी की सक्रियता को दर्शाती हैं, खासकर जब भारत अपनी रिन्यूएबल एनर्जी क्षमता का विस्तार कर रहा है। ऐसे प्रोजेक्ट्स का लगातार जुड़ना कंपनी के रेवेन्यू ग्रोथ (revenue growth) को बनाए रखने के लिए महत्वपूर्ण है, क्योंकि कंपनी का बिजनेस मॉडल ट्रांसमिशन एसेट्स बनाने और उनका रखरखाव करने पर आधारित है, जिससे लंबे समय तक आय होती है।
10 जुलाई 2026 को हुए पिछले ट्रेडिंग सेशन में Power Grid Corporation of India के शेयर ₹283.20 पर बंद हुए, जो 0.73% की बढ़त दर्शाता है। स्टॉक ₹250.05 से ₹324.80 के 52-हफ्ते के दायरे में रहा है। कंपनी की मार्केट कैप (market capitalization) फिलहाल लगभग ₹2.63 लाख करोड़ है।
निवेशकों के लिए ध्यान देने योग्य बातें
निवेशकों के लिए, इन नए प्रोजेक्ट्स के एग्जीक्यूशन टाइमलाइन (execution timeline) पर नजर रखना महत्वपूर्ण होगा। ये जीतें ऑर्डर पाइपलाइन को बढ़ाती हैं, लेकिन कंपनी को अपने कैपिटल स्पेंडिंग (capital spending) की गति को इस तरह मैनेज करना होगा कि डेट लेवल (debt levels) स्थिर रहें। इसके अलावा, चूंकि ये प्रोजेक्ट्स रिन्यूएबल एनर्जी को एकीकृत करने के राष्ट्रीय प्रयास का हिस्सा हैं, इसलिए निवेशक नए प्रोजेक्ट्स के चालू होने की तारीखों और कंपनी द्वारा अपने मौजूदा प्रॉफिट मार्जिन ट्रेंड्स (profit margin trends) को बनाए रखने पर भविष्य के अपडेट्स पर नजर रख सकते हैं, क्योंकि राष्ट्रीय पावर ग्रिड का विस्तार जारी है।
