ONGC की चमकी किस्मत: ब्रोकरेज ने बढ़ाया भरोसा
Oil and Natural Gas Corporation (ONGC) के शेयर में एक बड़ी तेजी की उम्मीद जगी है। ब्रोकरेज फर्म Kotak Securities ने ONGC को 'BUY' रेटिंग दी है और इसके शेयर के लिए ₹375 का नया टारगेट प्राइस सेट किया है। इस अपग्रेड का मुख्य कारण हाल ही में सरकार द्वारा लाई गई गैस पॉलिसी है, जिसके तहत अगस्त 2024 से नए गैस कुओं (Gas Wells) से होने वाली कमाई पर 20% का प्रीमियम मिलेगा। ONGC के लिए यह एक बड़ा बूस्ट है, क्योंकि नए गैस कुओं से होने वाला उत्पादन अब उसके कुल आउटपुट का 18% तक पहुंच गया है। इन कुओं से होने वाली कमाई कच्चे तेल की कीमतों का 12% तक तय होगी, जिसमें कोई कैप (cap) नहीं है।
विश्लेषकों का अनुमान है कि इस पॉलिसी के चलते ONGC के स्टैंडअलोन EBITDA अनुमानों में 40% तक का उछाल आ सकता है (FY27 के लिए) और FY28 के लिए 21% तक की वृद्धि देखी जा सकती है। ब्रोकरेज फर्म ने ONGC का वैल्यूएशन मल्टीपल 7x कर दिया है, जो पहले 6.5x था। कंपनी KG 98/2 और पश्चिमी अपतटीय संपत्तियों से गैस उत्पादन बढ़ाने पर भी जोर दे रही है।
Emmvee Photovoltaic Power: सोलर मैन्युफैक्चरिंग में बड़ा दांव
वहीं, दूसरी तरफ सोलर एनर्जी कंपनी Emmvee Photovoltaic Power ने भी निवेशकों का ध्यान खींचा है। ब्रोकरेज फर्म ने इस स्टॉक को ₹250 के फेयर वैल्यू पर 'ADD' रेटिंग बरकरार रखी है। Emmvee अपनी इंटीग्रेटेड सोलर सेल और मॉड्यूल मैन्युफैक्चरिंग क्षमता को तेजी से बढ़ा रही है। कंपनी का लक्ष्य FY27 तक भारत की चौथी सबसे बड़ी सेल निर्माता बनना है। फिलहाल, इसकी मॉड्यूल कैपेसिटी 16.3 GW और सेल कैपेसिटी 8.9 GW तक ले जाने की योजना है।
Emmvee कंपनी नई TOPCon तकनीक वाली सेल फैसिलिटी ( 2.9 GW ) पर भी काम कर रही है। यह एडवांस्ड टेक्नोलॉजी उसे उन प्रतिद्वंद्वियों से आगे रखेगी जो अभी भी पुराने Mono PERC तकनीक का इस्तेमाल कर रहे हैं। कंपनी के पास ₹14,650 करोड़ ( 9.3 GW ) का एक मजबूत ऑर्डर बुक है, जो लगभग दो साल के रेवेन्यू की विजिबिलिटी देता है। इस विस्तार के लिए जरूरी फंड कंपनी अपने ऑपरेटिंग कैश फ्लो और आने वाले IPO से जुटाएगी।
भविष्य की राह और चुनौतियां
ONGC जैसी कंपनियों का भविष्य कमोडिटी कीमतों और सरकारी नीतियों पर निर्भर करता है। वहीं, Emmvee जैसी सोलर कंपनियों को कड़े मुकाबले, तेजी से बदलते टेक्नोलॉजी और सरकारी नीतियों के साथ तालमेल बिठाना होगा। दोनों कंपनियों के लिए अपने लक्ष्यों को सफलतापूर्वक हासिल करना और बाजार की मांग को भुनाना महत्वपूर्ण होगा।