सरकारी कंपनी NHPC ने अपने पहली तिमाही (Q1 FY27) के नतीजे जारी कर दिए हैं। कंपनी ने **₹1,095.87 करोड़** का नेट प्रॉफिट दर्ज किया है, जो पिछले साल की इसी तिमाही के मुकाबले **2.9%** ज्यादा है। वहीं, रेवेन्यू में **18.5%** की बढ़त देखने को मिली है।
कमाई और ऑपरेशनल एफिशिएंसी में बड़ा सुधार
NHPC का रेवेन्यू ऑपरेशनल एफिशिएंसी के दम पर 18.5% बढ़कर ₹3,808.31 करोड़ पर पहुंच गया। पावर जनरेशन में बढ़त और बेहतर मैनेजमेंट के कारण EBITDA यानी ब्याज, टैक्स, डेप्रिसिएशन और अमोर्टाइजेशन से पहले की कमाई 30.6% बढ़कर ₹2,352.19 करोड़ हो गई। कंपनी के EBITDA मार्जिन में भी शानदार सुधार देखा गया, जो पिछले साल के 56.1% से बढ़कर 61.8% हो गया।
पंप स्टोरेज प्रोजेक्ट्स पर फोकस
NHPC हाइड्रोपावर प्रोजेक्ट्स पर फोकस कर रही है। बदलते एनर्जी लैंडस्केप को देखते हुए, कंपनी पंप स्टोरेज प्रोजेक्ट्स के ज़रिए एनर्जी स्टोरेज में बड़ी भूमिका निभाने की तैयारी में है। ये प्रोजेक्ट्स बैटरी की तरह काम करेंगे, जहां ज़रूरत से ज़्यादा बिजली स्टोर की जाएगी और पीक आवर्स में सप्लाई की जाएगी। हालांकि, इन बड़े प्रोजेक्ट्स के लिए समय पर कमीशनिंग और रेगुलेटरी अप्रूवल मिलना निवेशकों के लिए ज़रूरी है। प्रोजेक्ट्स में देरी या लागत बढ़ने का रिस्क बना रहता है।
निवेशकों को किन बातों पर नज़र रखनी चाहिए?
NHPC क्लीन एनर्जी के क्षेत्र में बड़ा निवेश कर रही है। निवेशकों को कंपनी के चल रहे प्रोजेक्ट्स की प्रगति और डेट-टू-इक्विटी रेशियो पर कड़ी नज़र रखनी चाहिए। साथ ही, कंपनी की प्रॉफिट मार्जिन की स्थिरता भविष्य के पावर परचेज एग्रीमेंट (PPA) और टैरिफ ऑर्डर्स पर निर्भर करेगी। रिन्यूएबल एनर्जी और जल उपयोग अधिकारों से जुड़े सरकारी नियमों में बदलाव भी कंपनी के भविष्य के प्रदर्शन को प्रभावित कर सकते हैं।
