बाजार में आज एनर्जी सेक्टर के शेयरों में तूफानी तेजी रही। Oil and Natural Gas Corporation (ONGC) के शेयर ₹293.20 के नए 52-हफ्ते के उच्चतम स्तर को छू गए, वहीं Oil India के शेयरों में भी ₹492.30 तक का उछाल देखा गया। इस उछाल की सबसे बड़ी वजह लीबिया में एक नई तेल और गैस की खोज है। Oil India और Indian Oil Corporation ने मिलकर लीबिया के Ghadames बेसिन में स्थित ब्लॉक (Area 95/96) में यह महत्वपूर्ण खोज की है, जहाँ दोनों कंपनियों की 25% हिस्सेदारी है।
इस खोज की खबर से ठीक पहले Brent Crude ऑयल की कीमतें भी $109 प्रति बैरल के ऊपर जा पहुंचीं। कच्चे तेल की यह तेजी वैश्विक भू-राजनीतिक तनाव, खासकर मध्य पूर्व में बढ़ी हुई चिंताओं और होर्मुज जलडमरूमध्य (Strait of Hormuz) से सप्लाई बाधित होने के डर के कारण आई है।
इस दोहरी मार (एक तरफ कंपनी की सफलता, दूसरी तरफ कच्चे तेल की बढ़ती कीमतें) का सीधा फायदा ONGC और Oil India जैसी कंपनियों को मिला। ब्रोकरेज फर्म JM Financial Institutional Securities ने दोनों शेयरों पर 'Buy' रेटिंग को बरकरार रखा है। उन्होंने ONGC के लिए ₹340 और Oil India के लिए ₹585 का टारगेट प्राइस तय किया है। मौजूदा वैल्यूएशन की बात करें तो ONGC का TTM P/E रेश्यो करीब 8.55x है, जबकि Oil India का 13.22x है। इसकी तुलना में Reliance Industries का P/E लगभग 22.63x और Vedanta का 24.0x है। ONGC का मार्केट कैप लगभग ₹3.58 ट्रिलियन है, जबकि Oil India का मार्केट कैप करीब ₹79,785 करोड़ है।
JM Financial विशेष रूप से Oil India को लेकर उत्साहित है। उनका अनुमान है कि कंपनी अगले कुछ सालों में अपनी कमाई में 15% का कंपाउंडिंग ग्रोथ (Earnings Compounding) दे सकती है। इसके पीछे उत्पादन में 20-25% की अनुमानित वृद्धि और NRL रिफाइनरी की क्षमता विस्तार की योजनाएं हैं। लीबिया, जो हाल के वर्षों में राजनीतिक अस्थिरता का सामना कर रहा था, अब विदेशी ऊर्जा कंपनियों को एक्सप्लोरेशन लाइसेंस देकर इस क्षेत्र में अपनी उपस्थिति बढ़ा रहा है।
हालांकि, यह तेजी कुछ जोखिमों के साथ आती है। कच्चे तेल की कीमतें और लीबिया में हुई खोज की सफलता काफी हद तक भू-राजनीतिक घटनाओं पर निर्भर करती है। अगर अमेरिका और ईरान के बीच तनाव कम होता है या होर्मुज जलडमरूमध्य से तेल की सप्लाई सुचारू हो जाती है, तो कच्चे तेल की कीमतों में अचानक गिरावट आ सकती है, जिससे इन कंपनियों की वैल्यूएशन पर भी असर पड़ सकता है। इसके अलावा, लीबिया जैसे देश में काम करने में राजनीतिक अस्थिरता और सुरक्षा संबंधी अपनी चुनौतियां भी हैं।
एक सकारात्मक बात यह है कि भारत सरकार ने 2 दिसंबर, 2024 से विंडफॉल टैक्स (Windfall Tax) को खत्म कर दिया है, जिससे घरेलू उत्पादकों को राहत मिली है। JM Financial ने वित्त वर्ष 2028 के बाद Brent Crude की कीमत $75/bbl रहने का अनुमान लगाया है। अन्य विश्लेषकों ने ONGC के लिए ₹305 का औसत टारगेट प्राइस दिया है, जो मौजूदा स्तरों से लगभग 6.7% की संभावित बढ़ोतरी दर्शाता है।
