पेट्रोलियम मंत्री हरदीप सिंह पुरी ने ऐलान किया है कि साल 2027 में 'इंडिया एनर्जी वीक' की मेजबानी कोलकाता करेगा। वहीं, ग्लोबल क्रूड मार्केट में अस्थिरता के बीच Indian Oil Corporation ने हल्दिया रिफाइनरी के अपग्रेड के लिए **175 एकड़** जमीन मांगी है।
बड़े आयोजन की तैयारी
पेट्रोलियम मंत्री हरदीप सिंह पुरी ने पुष्टि की है कि साल 2027 में 28 से 31 जनवरी के बीच कोलकाता 'इंडिया एनर्जी वीक' के पांचवें संस्करण का आयोजन करेगा। यह इवेंट भारत के एनर्जी ट्रांजिशन लक्ष्यों को दुनिया के सामने रखने का एक बड़ा मंच होगा। सरकार का मुख्य जोर इस बात पर है कि ग्लोबल मार्केट में जारी अस्थिरता के बावजूद घरेलू स्तर पर ईंधन की कीमतों में स्थिरता बनी रहे।
रिफाइनरी क्षमता में इजाफा
इधर, पश्चिम बंगाल में औद्योगिक विस्तार को गति देने के लिए Indian Oil Corporation (IOCL) ने कमर कस ली है। कंपनी ने हल्दिया में रिफाइनरी की क्षमता बढ़ाने के लिए 175 एकड़ जमीन की मांग की है। यह विस्तार न केवल रिफाइनरी के आउटपुट को बढ़ाएगा, बल्कि क्षेत्र में पेट्रोकेमिकल बेस को भी मजबूती देगा।
निवेशकों के लिए क्या है खास?
निवेशकों को इस बात पर नजर रखनी चाहिए कि कैसे ग्लोबल क्रूड ऑयल की कीमतों में उतार-चढ़ाव Oil Marketing Companies (OMCs) के मार्जिन को प्रभावित करता है। हालांकि सरकार रिटेल ग्राहकों को तेल की कीमतों में झटकों से बचाने के लिए टैक्स में बदलाव जैसे कदम उठाती है, लेकिन अंतरराष्ट्रीय स्तर पर कच्चे तेल की कीमतें बढ़ने से Bharat Petroleum और Hindustan Petroleum जैसी कंपनियों के फाइनेंशियल परफॉर्मेंस पर दबाव बढ़ सकता है। फिलहाल बाजार की नजर IOCL के इस जमीन अधिग्रहण और आने वाले समय में फ्यूल प्राइसिंग को लेकर सरकार के रुख पर टिकी है।
