नतीजों का दमदार लेखा-जोखा
Indraprastha Gas Limited (IGL) ने हाल ही में पेश किए गए अपने Q3 FY26 के नतीजों से बाजार को प्रभावित किया है। कंपनी का एडजस्टेड EBITDA पिछले साल की समान अवधि की तुलना में 38% की जोरदार उछाल के साथ ₹5 अरब पर पहुंच गया। यह शानदार प्रदर्शन मुख्य रूप से प्रति स्टैंडर्ड क्यूबिक मीटर (scm) EBITDA में 5% की बढ़ोतरी और गैस की लागत में लगभग ₹0.9 प्रति scm की कमी के कारण संभव हुआ।
कंपनी के कुल वॉल्यूम में भी 3% की वृद्धि देखी गई, जो 9.42 मिलियन स्टैंडर्ड क्यूबिक मीटर प्रति दिन (mmscmd) तक पहुंच गया, हालांकि यह विश्लेषकों के अनुमान से मामूली कम रहा। शुद्ध लाभ (Adjusted PAT) में भी 33% की वृद्धि दर्ज की गई और यह ₹3.8 अरब रहा, जो उम्मीदों के अनुरूप है।
ब्रोकरेज की 'खरीदो' राय और टारगेट
इस मजबूत प्रदर्शन के बाद, ब्रोकरेज फर्म Motilal Oswal ने IGL के शेयर पर अपना भरोसा जताया है। फर्म ने स्टॉक के लिए 'Buy' रेटिंग को बरकरार रखा है और ₹235 का टारगेट प्राइस सेट किया है। यह वैल्यूएशन दिसंबर 2027 के अनुमानित स्टैंडअलोन EPS पर 15x मल्टीपल और जॉइंट वेंचर्स (JVs) के ₹43 प्रति शेयर मूल्य के आधार पर तय किया गया है।
Motilal Oswal का अनुमान है कि वित्त वर्ष 2027 में कंपनी 3% का डिविडेंड यील्ड (Dividend Yield) प्रदान कर सकती है, और वित्त वर्ष 2025 से 2028 के बीच EPS ग्रोथ 9% की कंपाउंडेड एनुअल रेट (CAGR) से बढ़ेगी।
भविष्य की राह और चुनौतियां
IGL भारत के बढ़ते सिटी गैस डिस्ट्रीब्यूशन (CGD) सेक्टर का एक प्रमुख खिलाड़ी है। सरकार की गैस-आधारित अर्थव्यवस्था को बढ़ावा देने की नीतियों से कंपनी को भविष्य में और लाभ मिलने की उम्मीद है। हालांकि, गैस की कीमतों में उतार-चढ़ाव, बढ़ती प्रतिस्पर्धा और रेगुलेटरी बदलाव जैसी चुनौतियां बनी हुई हैं। IGL की लागत प्रबंधन क्षमताएं और वॉल्यूम ग्रोथ बनाए रखने का ट्रैक रिकॉर्ड इसे इन चुनौतियों से निपटने में मदद करता है। कंपनी की यह रणनीति निवेशकों को ग्रोथ और स्थिर रिटर्न, दोनों का अवसर प्रदान करती है।