नतीजों का इंतज़ार बढ़ा, शेयर पर दबाव जारी
BPCL के बोर्ड की मीटिंग का स्थगित होना यानी निवेशकों को कंपनी के वित्तीय प्रदर्शन और किसी भी संभावित डिविडेंड (dividend) घोषणा के अपडेट के लिए और लंबा इंतजार करना पड़ेगा। देश की दूसरी सबसे बड़ी ऑयल मार्केटर BPCL इस समय मुश्किल बाजार का सामना कर रही है, जिसका असर शेयर के बड़े फॉल (fall) में साफ दिख रहा है। यह बोर्ड मीटिंग मूल रूप से 31 मार्च, 2026 को समाप्त हुए वित्तीय वर्ष के नतीजों को मंजूरी देने वाली थी।
पिछली तिमाही में कैसा था प्रदर्शन?
हाल के नतीजों पर नज़र डालें तो, BPCL ने Q3 FY26 के लिए ₹1,37,298.79 करोड़ का कंसोलिडेटेड टोटल इनकम दर्ज किया था, जो पिछले साल की समान अवधि की तुलना में 7.1% ज़्यादा था। इसी तिमाही में नेट प्रॉफिट (net profit) 88.87% बढ़कर ₹7,188.4 करोड़ हो गया था। यह मजबूत प्रॉफिट ग्रोथ तब आई, जब कंपनी का शेयर काफी नीचे जा चुका था।
BPCL के शेयर पर लगातार दबाव
BPCL के शेयर पर लगातार दबाव बना हुआ है। पिछले पांच ट्रेडिंग सेशन में शेयर 1.01% गिरा है और पिछले महीने में लगभग 1% नीचे आया है। यह गिरावट लंबी अवधि में और भी ज़्यादा है, जहां शेयर पिछले छह महीनों में 21% से ज़्यादा और साल-दर-तारीख 22.70% तक गिर चुके हैं। शेयर 5 फरवरी 2026 को ₹391.65 के 52-हफ्ते के हाई (high) पर पहुंचा था, लेकिन उसके बाद 2 अप्रैल 2026 को ₹266.60 के 52-हफ्ते के लो (low) पर आ गया। सोमवार सुबह, BPCL 2.59% की गिरावट के साथ ₹294.90 पर ट्रेड कर रहा था, जो Nifty 50 के 1.25% के फॉल से खराब प्रदर्शन है।
इनसाइडर्स के लिए ट्रेडिंग विंडो बंद
इनसाइडर ट्रेडिंग (insider trading) को रोकने के लिए, BPCL ने सिक्योरिटीज एंड एक्सचेंज बोर्ड ऑफ इंडिया (SEBI) के नियमों के तहत कंपनी के सिक्योरिटीज के लिए अपनी ट्रेडिंग विंडो बंद कर दी है। यह विंडो 21 मई तक बंद रहेगी, जिसका मतलब है कि कंपनी के अंदरूनी लोग इस अवधि के दौरान शेयर ट्रेड नहीं कर सकते। इन्वेस्टर अर्निंग्स कॉल (investor earnings call) के विवरण अभी आने बाकी हैं।
