5 नवंबर 2026 को वॉल स्ट्रीट (Wall Street) में बड़ी गिरावट दर्ज की गई। मिड-टर्म चुनाव के नतीजों के बाद AI सेक्टर के शेयरों में अफरातफरी मच गई और S&P 500 इंडेक्स **3.5%** लुढ़क गया।
5 नवंबर 2026 को अमेरिकी शेयर बाजार ने साल 2025 के बाद की सबसे बड़ी गिरावट का सामना किया। S&P 500 में 3.5% की बड़ी गिरावट दर्ज की गई, जबकि टेक-हैवी Nasdaq Composite इंडेक्स 10% से ज्यादा गिरकर अब 'करेक्शन' मोड में आ गया है। साल भर बाजार को रफ्तार देने वाला टेक सेक्टर अब निवेशकों के लिए चिंता का कारण बन गया है।
चुनाव नतीजों और रेगुलेशन का डर
बाजार की इस गिरावट के पीछे सबसे बड़ी वजह 3 नवंबर 2026 को आए मिड-टर्म चुनाव के नतीजे हैं। नई राजनीतिक स्थितियों के चलते AI इंडस्ट्री में रेगुलेशन का खतरा बढ़ गया है। डेमोक्रेटिक कंट्रोल वाली कांग्रेस AI डेटा सेंटर्स पर सख्त नियम लागू कर सकती है। इन सेंटर्स के लिए भारी बिजली और जमीन की जरूरत होती है, जिसके चलते इंफ्रास्ट्रक्चर प्रोजेक्ट्स में देरी और सख्त जांच की संभावना ने निवेशकों को घबराहट में डाल दिया है।
सेमीकंडक्टर सेक्टर में मची भगदड़
सबसे बुरा असर सेमीकंडक्टर और AI कंपनियों पर पड़ा है। Advanced Micro Devices (AMD) के शेयर 13% से 16% तक टूट गए, वहीं Nvidia के शेयरों में 7% से 9% की भारी गिरावट देखी गई। यह बिकवाली केवल चिप बनाने वाली कंपनियों तक सीमित नहीं रही, बल्कि डेटा सेंटर और क्लाउड इंफ्रास्ट्रक्चर से जुड़ी कंपनियों में भी फैल गई।
निवेश पर उठ रहे सवाल
अब बाजार में यह बहस तेज हो गई है कि क्या AI प्रोजेक्ट्स में किया जा रहा भारी निवेश वास्तव में मुनाफा कमा पाएगा? ऊंचे ब्याज दरों के बीच इस तरह का भारी खर्च अब निवेशकों को रिस्की लग रहा है। वहीं, ईरान के साथ बढ़ते भू-राजनीतिक तनाव और कच्चे तेल की बढ़ती कीमतों ने निवेशकों को सुरक्षित एसेट जैसे US Treasury बॉन्ड्स की ओर धकेल दिया है। आने वाले दिनों में कंपनियों की अर्निंग कॉल्स और मैनेजमेंट की भविष्य की योजनाओं पर पूरी दुनिया की नजर रहेगी।
