US कोर्ट ने $100,000 की विवादित H-1B वीजा फीस पर फिलहाल रोक लगा दी है, जिससे IT सेक्टर को बड़ी राहत मिली है। वहीं, कमजोर सेल्स डेटा के कारण ऑटो शेयरों में दबाव है, रुपया **95.95** के स्तर पर फिसला और मानसून में **12.6%** की कमी दर्ज की गई है।
IT सेक्टर के लिए राहत
US फेडरल कोर्ट के जज Haywood Gilliam ने विवादित $100,000 की H-1B वीजा फीस को फिलहाल रोक दिया है। कोर्ट ने माना कि डिपार्टमेंट ऑफ स्टेट ने जरूरी प्रशासनिक प्रक्रियाओं का पालन नहीं किया। यह भारतीय IT कंपनियों के लिए बड़ी राहत है, क्योंकि इससे उनकी हायरिंग कॉस्ट और प्रॉफिट मार्जिन पर पड़ने वाला भारी बोझ टल गया है। हालांकि, वीजा पॉलिसी को लेकर अभी भी अनिश्चितता बनी हुई है, जिस पर निवेशकों को नजर रखनी होगी।
ऑटो सेक्टर में गिरावट
दूसरी ओर, ऑटोमोबाइल कंपनियों के लिए सितंबर का सेल्स डेटा काफी निराशाजनक रहा है। कमजोर सेल्स आंकड़ों के बाद ऑटो शेयरों में आज दबाव देखने को मिला। बाजार इस बात को लेकर चिंतित है कि क्या यह सुस्ती केवल एक महीने की है या फिर घरेलू मांग में भारी कमी का संकेत है।
मैक्रो इकोनॉमिक दबाव
मैक्रो मोर्चे पर चिंताएं बढ़ रही हैं। भारतीय रुपया डॉलर के मुकाबले 95.95 के स्तर पर पहुंच गया है। अमेरिकी ट्रेजरी यील्ड में मजबूती और कच्चे तेल की कीमतों के चलते रुपये पर दबाव है। इसके अलावा, मानसून का सीजन 12.6% की बारिश की कमी के साथ खत्म हुआ है, जो साल 2015 के बाद सबसे सूखा सीजन रहा। बारिश की कमी का सीधा असर रूरल डिमांड पर पड़ सकता है, जिससे ऑटो और कंज्यूमर गुड्स कंपनियों की चुनौतियां बढ़ सकती हैं।
Kotak Mahindra Bank में बदलाव
RBI ने Anup Kumar Saha को Kotak Mahindra Bank का नया MD और CEO नियुक्त करने की मंजूरी दे दी है। वे 1 जनवरी 2027 से Ashok Vaswani की जगह लेंगे। बैंक के भविष्य की रणनीति और ट्रांजिशन पर शेयरधारकों की नजरें टिकी होंगी।
