Tamil Nadu सरकार ने अपने कार्यकाल के पहले 100 दिनों में **₹1 लाख करोड़** से ज्यादा के निवेश का वादा हासिल किया है। राज्य का पूरा फोकस एनर्जी सिक्योरिटी और ग्रिड आधुनिकीकरण पर है ताकि मैन्युफैक्चरिंग सेक्टर को रफ्तार दी जा सके।
एनर्जी सेक्टर पर बड़ा फोकस
राज्य सरकार का पूरा जोर अपनी एनर्जी इंफ्रास्ट्रक्चर को मजबूत करने पर है। 2026-27 के बजट में विशेष रूप से एनर्जी डिपार्टमेंट के लिए ₹15,828 करोड़ का आवंटन किया गया है। यह राशि रिन्यूएबल एनर्जी, बैटरी स्टोरेज और ग्रिड को स्टेबल करने पर खर्च होगी ताकि इंडस्ट्रीज को बिना रुकावट बिजली मिल सके।
प्रमुख प्रोजेक्ट्स की झलक
फिलहाल राज्य में कई बड़े प्रोजेक्ट्स पाइपलाइन में हैं:
- Ennore SEZ थर्मल पावर प्रोजेक्ट: इस प्रोजेक्ट के विस्तार पर करीब ₹8,000 करोड़ का खर्च आएगा।
- ट्रांसमिशन कॉरिडोर: कोयंबटूर और अरियालुर को जोड़ने वाले 765 kV ट्रांसमिशन कॉरिडोर के लिए ₹4,000 करोड़ का निवेश किया गया है। यह प्रोजेक्ट पब्लिक-प्राइवेट पार्टनरशिप (PPP) मॉडल पर आधारित है।
निवेशकों के लिए जोखिम और चुनौतियां
हालांकि बड़े निवेश से आर्थिक विकास की उम्मीदें जगी हैं, लेकिन निवेशकों की नजर राज्य की फिस्कल स्थिति पर भी है। कल्याणकारी योजनाओं और सब्सिडी के बीच भारी-भरकम इंफ्रास्ट्रक्चर खर्च को मैनेज करना सरकार के लिए एक चुनौती हो सकती है। इसके अलावा, PPP मॉडल वाले प्रोजेक्ट्स में रेगुलेटरी क्लीयरेंस और जमीन अधिग्रहण की प्रक्रिया पर भी निवेशकों की पैनी नजर बनी रहेगी।
आगे चलकर बाजार यह देखेगा कि प्रोजेक्ट्स की कमीशनिंग कितनी तेजी से होती है और बजट में तय की गई राशि का कितना प्रभावी उपयोग हो पाता है।
