ग्लोबल मार्केट से मिले राहत के संकेतों के बीच भारतीय बाजार में आज अच्छी रिकवरी देखने को मिली। ब्रेंट क्रूड ऑयल (Brent Crude) के दाम में **2.2%** की गिरावट और विदेशी निवेशकों (FIIs) की नेट खरीदारी से निफ्टी **23,400** के पार निकल गया है।
सप्ताह के पहले कारोबारी दिन भारतीय शेयर बाजार ने मजबूती के साथ शुरुआत की। BSE सेंसेक्स 478 अंक की बढ़त के साथ 74,773 के स्तर पर बंद हुआ, वहीं निफ्टी 50 इंडेक्स 23,404 पर जाकर थमा। बाजार में यह तेजी हालिया उठापटक के बाद एक बड़े सुकून की तरह देखी जा रही है।
क्रूड ऑयल की कीमतों में राहत
मार्केट में आई इस तूफानी तेजी की सबसे बड़ी वजह ब्रेंट क्रूड फ्यूचर्स (Brent Crude Futures) में आई 2.2% की गिरावट रही, जिससे इसके दाम $101.6 प्रति बैरल तक आ गए हैं। भारत अपनी जरूरत का ज्यादातर तेल आयात करता है, इसलिए कच्चे तेल के दाम कम होने से न केवल रुपया मजबूत होता है, बल्कि महंगाई का दबाव भी कम होता है। पेंट, केमिकल, टायर और एविएशन जैसी कंपनियां, जो तेल आधारित कच्चे माल का इस्तेमाल करती हैं, उनके लिए यह मुनाफा मार्जिन सुधारने का एक बड़ा मौका है।
विदेशी निवेशकों की हुई वापसी
लगातार 7 दिनों की बिकवाली के बाद अब विदेशी संस्थागत निवेशकों (FIIs) का मूड बदलता दिख रहा है। शुक्रवार को इन्होंने भारतीय बाजार में ₹599 करोड़ की खरीदारी की। साथ ही घरेलू संस्थागत निवेशकों (DIIs) ने भी ₹1,000 करोड़ से ज्यादा का निवेश किया है, जिससे मार्केट की लिक्विडिटी को काफी सपोर्ट मिला है।
बाजार के लिए क्या है रिस्क?
बाजार आज भले ही हरे निशान में बंद हुआ हो, लेकिन मिडल ईस्ट (Middle East) में चल रहे जियो-पॉलिटिकल तनाव के कारण जोखिम अभी टला नहीं है। अगर वहां हालात बिगड़ते हैं, तो क्रूड की कीमतें फिर से बढ़ सकती हैं। टेक्निकल तौर पर, निफ्टी के लिए 23,280 का सपोर्ट लेवल अहम है। अगर निफ्टी इस लेवल को होल्ड करता है, तो आउटलुक स्थिर रहेगा, वरना इंडेक्स में 23,116 के स्तर को दोबारा टेस्ट करने की संभावना से इनकार नहीं किया जा सकता।
