हफ्ते के पहले ही दिन भारतीय शेयर बाजार में भारी बिकवाली देखी गई। Sensex **470 अंक** गिरकर **74,318** पर आ गया है, वहीं Nifty 50 भी **147 अंक** फिसलकर मनोवैज्ञानिक स्तर **23,000** के नीचे पहुंच गया है।
23,000 का स्तर टूटना बड़ी चिंता
Nifty 50 का 23,000 के अहम साइकोलॉजिकल लेवल के नीचे जाना मार्केट के लिए एक बड़ा घटनाक्रम है। तकनीकी जानकारों के अनुसार, यह लेवल अक्सर एक मजबूत सपोर्ट के तौर पर काम करता है। अब जब इंडेक्स इसके नीचे ट्रेड कर रहा है, तो ट्रेडर्स के बीच आगे और गिरावट की आशंका बढ़ गई है। बाजार में अब शॉर्ट-टर्म सपोर्ट लेवल्स को फिर से परखा जा रहा है।
क्यों बिकवाली कर रहे हैं निवेशक?
बाजार में इस गिरावट की मुख्य वजह ऊंची वैल्युएशन (Valuations) को माना जा रहा है। पिछले कुछ हफ्तों में लगातार तेजी के बाद, अब निवेशक मौजूदा स्तरों पर मुनाफावसूली (Profit booking) कर रहे हैं। बाजार में नई खरीदारी का दम नहीं दिख रहा है, जिससे शुरुआती कारोबार में ही सेलर्स हावी हो गए हैं।
आगे की राह क्या है?
फिलहाल मार्केट वोलेटिलिटी (Volatility) के दौर से गुजर रहा है। इंडेक्स अपने शुरुआती गैप को रिकवर करने में नाकाम रहा है, जो यह दिखाता है कि मार्केट में डिमांड के मुकाबले सप्लाई ज्यादा है। आने वाले दिनों में विदेशी संस्थागत निवेशकों (FIIs) के फ्लो और ग्लोबल संकेतों पर नजर रहेगी। यदि बाजार को संभलना है, तो बायर्स को वापस एंट्री लेनी होगी, अन्यथा निचली सपोर्ट लेवल्स टेस्ट हो सकती हैं।
