Rupee: RBI के सपोर्ट से संभला रुपया, डॉलर के मुकाबले **95.93** पर हुआ बंद

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AuthorKaran Malhotra|Published at:
Rupee: RBI के सपोर्ट से संभला रुपया, डॉलर के मुकाबले **95.93** पर हुआ बंद

भारतीय रुपया आज डॉलर के मुकाबले **95.93** के स्तर पर स्थिर रहा। शुरुआती कारोबार में रुपया **96** के नीचे फिसल गया था, लेकिन RBI की सक्रियता और विदेशी निवेश की बदौलत इसने मजबूती दिखाई।

बाजार की उठापटक और RBI का दखल

गुरुवार को भारतीय रुपया 95.93 के स्तर पर बंद हुआ। हालांकि दिन के दौरान बिकवाली के दबाव में यह 96 के मनोवैज्ञानिक स्तर को पार कर गया था, लेकिन घरेलू बाजार में सुधार के संकेत मिलने पर यह फिर संभल गया। पिछला क्लोजिंग भाव 95.9550 था, जो दिखाता है कि डॉलर की ग्लोबल मजबूती के बावजूद रुपया टिका हुआ है।

क्यों दबाव में है रुपया?

इस गिरावट की मुख्य वजह अमेरिकी फेडरल रिजर्व (US Federal Reserve) का ब्याज दरें बढ़ाने का फैसला है। जब अमेरिका में दरें बढ़ती हैं, तो डॉलर मजबूत होता है और निवेशक इमर्जिंग मार्केट्स से पैसा निकालकर अमेरिकी एसेट्स में लगाने लगते हैं। डॉलर इंडेक्स का 100 के पार बने रहना इसी ट्रेंड को दर्शाता है।

RBI की रणनीति

केंद्रीय बैंक इस वॉलेटिलिटी को काबू करने के लिए पूरी तरह सक्रिय है। जानकार मान रहे हैं कि RBI ने सरकारी बॉन्ड की बिक्री और डॉलर-रुपया स्वैप जैसे टूल्स का इस्तेमाल करके बैंकिंग सिस्टम में लिक्विडिटी को मैनेज किया है, ताकि रुपये पर अतिरिक्त दबाव न बढ़े।

क्रूड ऑयल का असर

भारत अपनी जरूरत का बड़ा हिस्सा आयात करता है, इसलिए कच्चे तेल की कीमतें रुपये के लिए बड़ी चुनौती हैं। मिडिल ईस्ट में बढ़ते तनाव के कारण तेल के दाम ऊंचे बने हुए हैं। जब तेल महंगा होता है, तो भारत को अधिक डॉलर खर्च करने पड़ते हैं, जिससे रुपये पर दबाव बढ़ना तय है।

आगे चलकर बाजार की नजरें अमेरिकी फेडरल रिजर्व के अगले फैसलों, क्रूड ऑयल के भाव और विदेशी संस्थागत निवेशकों (FIIs) के इनफ्लो पर टिकी रहेंगी।

Disclaimer: This article is published for informational purposes only. This is not a buy sell recommendation.