Noida के गारमेंट एक्सपोर्टर्स और Surat के डायमंड कारोबार पर गहरा संकट मंडरा रहा है। अमेरिका से ऑर्डर कम होने और ट्रेड अनिश्चितता के कारण Noida में **600** गारमेंट यूनिट्स बंद हो गई हैं, जबकि Surat में डायमंड कंपनियों ने कामकाज को ठप कर दिया है।
अमेरिका से आ रही कमजोर डिमांड के चलते देश के दो बड़े एक्सपोर्ट हब, Noida और Surat, गहरे संकट से जूझ रहे हैं। डिमांड में भारी गिरावट और ट्रेड को लेकर बनी अनिश्चितता के कारण मैन्युफैक्चरिंग यूनिट्स के सामने अपना कामकाज संभालना मुश्किल हो गया है।
Noida के गारमेंट सेक्टर का बुरा हाल
Noida का गारमेंट हब बड़े दबाव में है। पिछले 6 महीने के आंकड़ों पर नजर डालें तो यहाँ एक्टिव यूनिट्स की संख्या 2,400 से घटकर 1,800 रह गई है। अमेरिकी बायर्स की ओर से नए ऑर्डर्स न मिलने का सीधा असर कंपनी के मुनाफे पर पड़ रहा है। माना जा रहा है कि इस फाइनेंशियल ईयर में एक्सपोर्ट का आंकड़ा ₹42,000 करोड़ तक सिमट सकता है, जो पहले ₹48,000 करोड़ के आसपास था।
Surat में डायमंड यूनिट्स पर ताले
Surat की डायमंड इंडस्ट्री भी इसी तरह के दर्द से गुजर रही है। कैश फ्लो बचाने के लिए कंपनियां अब लंबी छुट्टियों का सहारा ले रही हैं। पिछले साल जहां फैक्ट्रियां 15 दिन बंद रहीं, वहीं इस बार इसे बढ़ाकर 25 दिन कर दिया गया है। करीब 300 छोटी यूनिट्स तो पूरी तरह से बंद हो चुकी हैं, क्योंकि इन्वेंटरी को होल्ड करना और प्रोडक्शन जारी रखना अब मुनाफे का सौदा नहीं रहा।
कॉम्पिटिशन और रिस्क
यह संकट केवल अस्थायी नहीं लग रहा, बल्कि भारतीय मैन्युफैक्चरर्स के लिए मार्केट शेयर खोने का बड़ा खतरा पैदा हो गया है। बांग्लादेश, वियतनाम और इंडोनेशिया जैसे देश कम लागत के साथ ग्लोबल मार्केट में जगह बना रहे हैं। इन्वेस्टर्स के लिए देखने वाली बात यह होगी कि कंपनियां कैसे अपनी वर्किंग कैपिटल को मैनेज करती हैं और क्या वे इस मुश्किल दौर में अपनी मार्केट पोजिशन बचा पाती हैं।
