Karnataka AI Education: छठी क्लास से ही सीखेंगे Artificial Intelligence, सरकारी स्कूलों में होगा बड़ा बदलाव

ECONOMY
Whalesbook Logo
AuthorKaran Malhotra|Published at:
Karnataka AI Education: छठी क्लास से ही सीखेंगे Artificial Intelligence, सरकारी स्कूलों में होगा बड़ा बदलाव

कर्नाटक सरकार ने अपने AI ट्रेनिंग प्रोग्राम का दायरा बढ़ा दिया है। अब सरकारी स्कूलों में छठी कक्षा के छात्र भी Artificial Intelligence की बारीकियां सीखेंगे।

कर्नाटक सरकार ने राज्य के सरकारी स्कूलों में Artificial Intelligence की पढ़ाई को प्राथमिक स्तर तक ले जाने की तैयारी कर ली है। डिप्टी सीएम डी.के. शिवकुमार ने अधिकारियों को निर्देश दिए हैं कि 2026-27 एकेडमिक ईयर से छठी कक्षा से ही छात्रों को AI का प्रशिक्षण देना शुरू किया जाए। गौरतलब है कि फिलहाल यह प्रोग्राम 1,642 सरकारी हाई स्कूलों में सफलतापूर्वक चल रहा है।\n\n### भविष्य की योजनाएं और टेक पार्टनरशिप\n\nसरकार सिर्फ स्कूली शिक्षा तक सीमित नहीं है, बल्कि बेंगलुरु में देश की पहली सरकारी AI यूनिवर्सिटी खोलने की दिशा में भी कदम बढ़ा रही है। इस मिशन को पूरा करने के लिए सरकार Google और Anthropic जैसी दिग्गज टेक कंपनियों के साथ तालमेल बिठाने की कोशिश कर रही है। ये पार्टनरशिप न केवल करिकुलम सपोर्ट देगी, बल्कि टीचर्स की ट्रेनिंग और गवर्नेंस में भी मदद करेगी।\n\n### प्राइवेट सेक्टर के लिए बड़े मौके\n\nशिक्षा के इस आधुनिकीकरण से एड-टेक (Ed-tech) और डिजिटल स्किलिंग कंपनियों के लिए नए रास्ते खुलेंगे। स्कूलों को हार्डवेयर, क्लाउड सर्विसेज और AI कंटेंट की आपूर्ति के लिए CSR फंड और पब्लिक-प्राइवेट पार्टनरशिप का मॉडल अपनाया जा सकता है।\n\n### चुनौतियां और जोखिम\n\nइतनी बड़ी योजना के सामने कुछ बड़े रिस्क भी हैं। ग्रामीण इलाकों में बिजली और इंटरनेट कनेक्टिविटी का अभाव एक बड़ी चुनौती है। इसके अलावा, जानकारों का मानना है कि इन नए विषयों के दबाव में पारंपरिक स्कूली शिक्षा की नींव कमजोर न हो जाए। साथ ही, विदेशी कंपनियों की भागीदारी से डेटा प्राइवेसी को लेकर भी बहस छिड़ी हुई है। अब देखना यह होगा कि सरकार इन तकनीकी चुनौतियों से कैसे निपटती है।

Disclaimer: This article is published for informational purposes only. This is not a buy sell recommendation.