Indian Rupee: डॉलर के मुकाबले रुपया कमजोर, 95.83 के स्तर पर खुला

ECONOMY
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AuthorAditi Chauhan|Published at:
Indian Rupee: डॉलर के मुकाबले रुपया कमजोर, 95.83 के स्तर पर खुला

24 सितंबर को भारतीय रुपया डॉलर के मुकाबले **9 पैसे** गिरकर **95.83** पर खुला। क्रूड ऑयल की बढ़ती कीमतों और मजबूत डॉलर इंडेक्स का दबाव रुपये पर साफ दिख रहा है। रिजर्व बैंक ऑफ इंडिया (RBI) अब **96.00** के स्तर के करीब सतर्क है ताकि बाजार में भारी गिरावट को रोका जा सके।

भारतीय रुपये में कमजोरी का सिलसिला जारी है। 24 सितंबर को रुपया अपने पिछले बंद स्तर 95.74 से फिसलकर 95.83 पर खुला। इस गिरावट के पीछे सबसे बड़ा कारण डॉलर इंडेक्स का 101.14 पर मजबूती से बने रहना है। साथ ही, अमेरिकी ट्रेजरी यील्ड का 5.13% के स्तर पर पहुंचना भी उभरते बाजारों की करेंसी पर भारी दबाव बना रहा है।

क्रूड ऑयल का असर

भारत अपनी जरूरत का अधिकांश कच्चा तेल आयात करता है। अंतरराष्ट्रीय बाजार में क्रूड की कीमतें बढ़ने से डॉलर की मांग बढ़ गई है, जिससे रुपये की वैल्यू पर चोट लग रही है। रिजर्व बैंक ऑफ इंडिया (RBI) इस स्थिति पर बारीकी से नजर रखे हुए है। विशेषज्ञों का मानना है कि जैसे ही एक्सचेंज रेट 96.00 के करीब पहुंचेगा, RBI मार्केट में दखल देकर गिरावट को संभालने की पूरी कोशिश करेगा।

लंबी अवधि में राहत की उम्मीद

अल्पकालिक उतार-चढ़ाव के बीच, भारत की लॉन्ग-टर्म इकोनॉमिक ग्रोथ की तस्वीर सकारात्मक बनी हुई है। S&P, Fitch, Moody’s और एशियन डेवलपमेंट बैंक जैसी बड़ी ग्लोबल एजेंसियों ने फाइनेंशियल ईयर 2027 में भारत की जीडीपी ग्रोथ 7% के आसपास रहने का अनुमान जताया है। यह मजबूत आधार बाहरी दबावों से निपटने के लिए एक सुरक्षा कवच का काम करेगा।

मार्केट का मूड

मौजूदा माहौल में ट्रेडर्स अपनी रणनीति बदल रहे हैं। एक्सपोर्टर्स 95.90 के आसपास बिकवाली कर रहे हैं, जबकि इम्पोर्टर्स अभी 'वेट एंड वॉच' की स्थिति में हैं और गिरावट का इंतजार कर रहे हैं। एशियाई बाजारों में भी मिली-जुली हलचल है, जहां जापानी येन और इंडोनेशियाई रुपिया में कुछ मजबूती दिखी है, जबकि चीनी युआन और कोरियन वोन दबाव झेल रहे हैं। आगे की राह ग्लोबल ब्याज दरों और आरबीआई के हस्तक्षेप पर टिकी होगी।

Disclaimer: This article is published for informational purposes only. This is not a buy sell recommendation.