Indian Bond Yields: कच्चे तेल की कीमतों में आग, 7.47% पर पहुंची बॉन्ड यील्ड

ECONOMY
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AuthorNeha Patil|Published at:
Indian Bond Yields: कच्चे तेल की कीमतों में आग, 7.47% पर पहुंची बॉन्ड यील्ड

क्रूड ऑयल के भाव में उछाल से भारतीय सरकारी बॉन्ड यील्ड बढ़कर **7.47%** पर पहुंच गई है। महंगाई और बढ़ते इंपोर्ट बिल की चिंताओं के बीच अब निवेशकों की नजर सरकार के आगामी **₹330 बिलियन** के बॉन्ड ऑक्शन पर है।

शुक्रवार की सुबह ग्लोबल मार्केट से मिले जुले संकेतों के बीच भारतीय सरकारी बॉन्ड मार्केट में सुस्ती देखी गई। बेंचमार्क 6.94% 2036 बॉन्ड यील्ड पिछले क्लोजिंग के 7.4596% से बढ़कर 7.4778% पर पहुंच गई। इस तेजी के पीछे सबसे बड़ा कारण ग्लोबल मार्केट में कच्चे तेल की कीमतों का बढ़ना है।

क्रूड ऑयल का असर

ब्रेंट क्रूड के दाम $114 प्रति बैरल के स्तर को पार कर गए हैं, जो पिछले पांच महीनों का उच्चतम स्तर है। चूंकि भारत अपनी 90% तेल जरूरतों के लिए आयात पर निर्भर है, इसलिए कीमतों में यह उछाल सीधे तौर पर महंगाई और सरकारी इंपोर्ट बिल पर असर डालेगा। तेल के दाम बढ़ने से रुपये पर दबाव बनता है और फिस्कल डेफिसिट (राजकोषीय घाटा) बढ़ने का डर बना रहता है, जिसके कारण निवेशक बॉन्ड में अधिक रिटर्न की मांग करते हैं।

ग्लोबल रिलीफ और घरेलू चिंताएं

अमेरिका में यूएस ट्रेजरी यील्ड में आई गिरावट ने थोड़ी राहत जरूर दी है, जहां 10-वर्षीय ट्रेजरी यील्ड 5% से नीचे खिसक गई है। लेकिन फिलहाल भारतीय निवेशक ग्लोबल लिक्विडिटी के बजाय घरेलू मोर्चे पर तेल की कीमतों के असर को ज्यादा तवज्जो दे रहे हैं।

अगला बड़ा टेस्ट: बॉन्ड ऑक्शन

बाजार की नजर अब सरकार के आगामी ₹330 बिलियन के बॉन्ड ऑक्शन पर है। ट्रेडर इस बात पर नजर रखे हुए हैं कि मौजूदा मार्केट सेंटीमेंट में यह नीलामी कितनी सफल रहती है। इसके अलावा, रिजर्व बैंक ऑफ इंडिया (RBI) के नीतिगत फैसलों पर भी सबकी नजरें हैं कि क्या ऊर्जा की बढ़ती कीमतों के चलते भविष्य में ब्याज दरों को लेकर कोई बड़ा बदलाव देखने को मिल सकता है।

Disclaimer: This article is published for informational purposes only. This is not a buy sell recommendation.