Indian Economy: भारत बनेगा **$5.1 ट्रिलियन** की इकोनॉमी, FY29 तक का क्या है बड़ा टारगेट?

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AuthorKaran Malhotra|Published at:
Indian Economy: भारत बनेगा **$5.1 ट्रिलियन** की इकोनॉमी, FY29 तक का क्या है बड़ा टारगेट?

भारत अब **$5.1 ट्रिलियन** की नॉमिनल जीडीपी हासिल करने की राह पर है, जिसे **FY29** तक पूरा करने का लक्ष्य है। यह ग्रोथ बैंकिंग सेक्टर की मजबूती और बेहतर आर्थिक आंकड़ों पर आधारित है, हालांकि मुद्रास्फीति और करेंसी में उतार-चढ़ाव जैसे रिस्क बने हुए हैं।

भारत तेजी से $5.1 ट्रिलियन की नॉमिनल जीडीपी के आंकड़े की ओर बढ़ रहा है, जिसे FY29 तक हासिल करने का अनुमान है। इंटरनेशनल मॉनेटरी फंड (IMF) और OmniScience Capital की रिपोर्ट्स के मुताबिक, यह आंकड़ा देश की निरंतर आर्थिक गतिविधियों को दर्शाता है। इस सफर में सबसे अहम भूमिका कॉरपोरेट सेक्टर के बढ़ते विस्तार और घटते कर्ज की है।

ग्रोथ को मिल रही मजबूती

बीते कुछ सालों में आर्थिक आंकड़ों में सुधार साफ दिखा है। FY22 से FY26 के बीच भारत की औसत रियल जीडीपी ग्रोथ 7.4% रही है, जो पिछले दो दशकों में सबसे शानदार है। बैंकिंग सेक्टर की बैलेंस शीट पिछले 20 सालों में सबसे मजबूत स्थिति में है, जिससे कंपनियों को आसानी से क्रेडिट मिल पा रहा है। यही वजह है कि कंपनियां अब अपने नए प्रोजेक्ट्स और कैपेसिटी एक्सपेंशन पर ज्यादा खर्च कर रही हैं।

चुनौतियां और सबक

$5 ट्रिलियन का सपना देखना आसान रहा है, लेकिन राह में कई रोड़े भी आए हैं। महामारी के दौरान FY21 में जीडीपी में आई भारी गिरावट और उसके बाद करेंसी में डेप्रिसिएशन ने राह को मुश्किल बनाया। सिर्फ FY26 में ही रुपये में अमेरिकी डॉलर के मुकाबले 12.3% की गिरावट देखने को मिली थी। यह साफ करता है कि ग्लोबल ट्रेड और करेंसी के झटके रफ्तार को धीमा कर सकते हैं।

रिस्क और निवेशकों के लिए संकेत

आंकड़े भले ही मजबूत दिख रहे हों, लेकिन रिस्क अभी भी मौजूद हैं। रुपये की अस्थिरता और खाने-पीने की चीजों के दाम (महंगाई) रिजर्व बैंक ऑफ इंडिया (RBI) के लिए बड़ी चुनौती हैं। निवेशकों को अब केवल हेडलाइन नंबर पर नहीं, बल्कि कंपनियों के कैपिटल स्पेंडिंग और कंज्यूमर प्राइस इंडेक्स (CPI) जैसे डेटा पर नजर रखनी चाहिए। तकनीक और ऑटोमेशन के क्षेत्र में निवेश भारत की मैन्युफैक्चरिंग ग्रोथ को बनाए रखने के लिए गेम चेंजर साबित हो सकता है।

Disclaimer: This article is published for informational purposes only. This is not a buy sell recommendation.