गुजरात विधानसभा ने 'Ease of Doing Business Bill, 2026' पास कर दिया है, जिससे अब राज्य में दुकानें, मॉल्स और रेस्टोरेंट्स **24/7** खुल सकेंगे। वाइब्रेंट गुजरात ग्लोबल समिट **2027** से पहले यह कदम राज्य में इकोनॉमिक एक्टिविटी को बढ़ावा देने के लिए उठाया गया है।
गुजरात सरकार ने औपचारिक रूप से 'गुजरात ईज ऑफ डूइंग बिजनेस बिल, 2026' को मंजूरी दे दी है। इस बदलाव के साथ ही राज्य में 'गुजरात शॉप्स एंड एस्टेब्लिशमेंट एक्ट' में संशोधन किया गया है, जिससे रिटेल आउटलेट्स, शॉपिंग मॉल्स, कैफे और गैरेज के लिए काम करने के घंटे की पाबंदी खत्म कर दी गई है।
रिफॉर्म्स का मकसद
यह कदम 2027 में होने वाली 11वीं वाइब्रेंट गुजरात ग्लोबल समिट की तैयारियों का हिस्सा है। सरकार ने न सिर्फ समय की पाबंदियां हटाई हैं, बल्कि बिजनेस रजिस्ट्रेशन के लिए सेल्फ-सर्टिफिकेशन और फायर सेफ्टी नियमों में रिस्क-बेस्ड अप्रोच लागू करने जैसे सुधार भी किए हैं। इसका मुख्य उद्देश्य कंप्लायंस के बोझ को कम करना और व्यापार में लचीलापन लाना है।
निवेशकों के लिए चेतावनी
हालांकि सरकार ने कारोबारियों को छूट दी है, लेकिन उन्हें लेबर कानूनों, स्वच्छता और सुरक्षा मानकों का कड़ाई से पालन करना होगा। इन्वेस्टर्स को यह ध्यान रखना होगा कि 24/7 ऑपरेशंस के साथ स्टाफिंग, सिक्योरिटी, बिजली और मेंटेनेंस का खर्चा भी बढ़ेगा। कंपनियों के मुनाफे पर इसका असर इस बात पर निर्भर करेगा कि वे लेट-नाइट या अर्ली-मॉर्निंग ऑपरेशंस से होने वाली अतिरिक्त सेल्स से इन खर्चों को कैसे रिकवर करती हैं। आने वाले समय में रिटेल और हॉस्पिटैलिटी सेक्टर की कंपनियों की कमेंट्री और उनके बिजनेस मॉडल्स में बदलाव पर बाजार की पैनी नजर रहेगी।
