अगस्त की शुरुआत में अमेरिकी शेयर बाज़ार में शानदार तेजी देखने को मिली। Dow Jones Industrial Average ने **53,178.41** अंकों का नया रिकॉर्ड स्तर छुआ, जो **1.32%** की बढ़त के साथ **693.38** अंक ऊपर था।
कमाई के नतीजों ने खींचा ध्यान
बाज़ार में आई इस तेज़ी की मुख्य वजह कंपनियों के तिमाही नतीजों का शानदार प्रदर्शन रहा। अब तक S&P 500 की कंपनियों ने 29.3% की ग्रोथ दर्ज की है, जिसमें 85% से ज़्यादा कंपनियों ने एनालिस्ट्स की उम्मीदों को पार किया है। Amazon के शेयर में भी उछाल देखा गया, कंपनी का मार्केट वैल्यूएशन $3 ट्रिलियन के पार पहुंच गया था। कम्युनिकेशन सर्विसेज सेक्टर ने अन्य सेक्टर्स को पीछे छोड़ा, वहीं एनर्जी सेक्टर पर गिरावट का दबाव रहा क्योंकि ग्लोबल ऑयल प्राइसेज में नरमी आई।
भू-राजनीतिक तनाव में कमी
अमेरिका और ईरान के बीच कूटनीतिक तनाव कम होने से बाज़ार को बड़ी राहत मिली है। जुलाई में जिन चिंताओं ने बाज़ार को प्रभावित किया था, वे अब कम हो गई हैं, खासकर वैश्विक संघर्ष और फेडरल रिजर्व द्वारा ब्याज दरों में की जा रही बढ़ोतरी को लेकर। ट्रेजरी यील्ड्स (Treasury Yields) में गिरावट ने भी इक्विटी निवेश के लिए एक स्थिर माहौल तैयार किया, जिससे न्यूयॉर्क स्टॉक एक्सचेंज (New York Stock Exchange) और नैस्डैक (Nasdaq) पर खरीदारी बढ़ी।
फेडरल रिजर्व की नीतियों पर नज़र
बाज़ार की आगे की चाल शुक्रवार को आने वाले लेबर मार्केट (Labor Market) के आंकड़ों पर टिकी है। हालांकि, न्यूयॉर्क फेड प्रेसिडेंट जॉन विलियम्स (John Williams) ने संकेत दिया है कि महंगाई का दबाव कम हो सकता है, लेकिन बाज़ार के प्रतिभागी सितंबर में फेडरल रिजर्व की मीटिंग में 25-बेसिस-पॉइंट की ब्याज दर में बढ़ोतरी की 64.5% संभावना मान रहे हैं।
निवेशक अब आगे के डेटा पर नज़र रख रहे हैं ताकि ब्याज दरों में और बदलाव की संभावना का अंदाज़ा लगाया जा सके। कमाई में लगातार वृद्धि और ब्याज दरों पर आधिकारिक अपडेट्स पर नज़र रखना महत्वपूर्ण होगा कि क्या यह तेज़ी आने वाले हफ्तों में जारी रह पाएगी।
