केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह ने अहमदाबाद में **1,542 करोड़ रुपये** की रेलवे परियोजनाओं का उद्घाटन किया है। इसमें देश की पहली LNG-पावर्ड ट्रेन और WAG-12 लोकोमोटिव के लिए एक खास मेंटेनेंस फैसिलिटी शामिल है, जो रेलवे के आधुनिकीकरण की ओर एक बड़ा कदम है।
अमित शाह द्वारा लॉन्च किए गए इन प्रोजेक्ट्स का मुख्य उद्देश्य रेल नेटवर्क को आधुनिक बनाना और पैसेंजर सुविधाओं को बेहतर करना है। इस निवेश से न केवल कनेक्टिविटी बढ़ेगी, बल्कि यह पर्यावरण के लिहाज से भी एक बड़ा बदलाव है।
पहली LNG ट्रेन और नए मेंटेनेंस हब
इस रोलआउट की सबसे बड़ी चर्चा देश की पहली LNG-पावर्ड ट्रेन को लेकर है। लिक्विफाइड नेचुरल गैस का इस्तेमाल रेलवे में कार्बन एमिशन को घटाने और ऑपरेशनल कॉस्ट में कटौती करने के लिए किया जा रहा है। इसके अलावा, WAG-12 लोकोमोटिव के लिए नई मेंटेनेंस शेड खुलने से मालगाड़ियों की सर्विसिंग और बेहतर हो सकेगी, जिससे इनकी अपटाइम क्षमता में सुधार आएगा। साथ ही, साबरमती रेलवे स्टेशन के अपग्रेडेशन से यात्रियों की सुरक्षा और आवाजाही और आसान हो जाएगी।
रेलवे बजट में बड़ा उछाल
गुजरात के लिए रेलवे बजट में भारी बढ़ोतरी देखने को मिली है। सरकारी डेटा के मुताबिक, साल 2009-2014 के बीच औसत बजट जहां सिर्फ 589 करोड़ रुपये था, वहीं 2026-27 के लिए यह बढ़कर 17,366 करोड़ रुपये पहुंच गया है।
इन्वेस्टर्स के लिए यह एक बड़ा संकेत है। सरकार का रेलवे इंफ्रास्ट्रक्चर पर इतना बड़ा खर्च कंस्ट्रक्शन, इंजीनियरिंग और रेलवे इक्विपमेंट बनाने वाली कंपनियों के लिए एक बड़ा ट्रिगर बन सकता है। भविष्य में इन परियोजनाओं के सफल क्रियान्वयन और नई टेक्नोलॉजी को अपनाने की रफ्तार ही इस सेक्टर के शेयरों की चाल तय करेगी।
