क्रिप्टो जगत के लिए बुरी खबर है। 6 सितंबर, 2026 को हुए एक बड़े साइबर हमले में Liquid Network से **4,000 Bitcoin** चोरी हो गए हैं, जिनकी वैल्यू **$320 मिलियन** है। कंपनी ने अपनी सभी ट्रांजेक्शन सर्विस सस्पेंड कर दी हैं।
ब्लॉकस्ट्रीम (Blockstream) द्वारा विकसित प्रमुख बिटकॉइन साइडचेन 'Liquid Network' के लिए यह एक बड़ा झटका है। 6 सितंबर, 2026 को हुए इस सुरक्षा उल्लंघन ने न केवल कंपनी के सिस्टम को हिला दिया है, बल्कि नेटवर्क के कुल बिटकॉइन रिजर्व का लगभग 95% हिस्सा चोरी हो गया है।
नेटवर्क की साख पर बड़ा सवाल
Liquid Network का मुख्य काम बिटकॉइन के लिए तेज और गोपनीय ट्रांजेक्शन की सुविधा देना है, जहां 'L-BTC' टोकन का इस्तेमाल होता है। यह टोकन पूरी तरह से रिजर्व में रखे वास्तविक बिटकॉइन से बैक्ड होते हैं। रिजर्व में 95% की गिरावट का मतलब है कि अब हर L-BTC टोकन की वैल्यू पर गंभीर संकट खड़ा हो गया है। अगर फंड वापस नहीं आता है, तो इन टोकन्स का भविष्य और उपयोगिता पूरी तरह अधर में लटक सकती है।
कैसे हुआ ये बड़ा स्कैम?
प्रारंभिक जांच में सामने आया है कि हैकर्स ने 'SideSwap' प्लेटफॉर्म के जरिए 'Peg-out Authorization Key' का इस्तेमाल करके इस सेंध को अंजाम दिया। खास बात यह है कि नेटवर्क की सुरक्षा चाबियां सुरक्षित हैं, लेकिन हैकर्स ने सिस्टम के वैलिडेशन कंट्रोल को चकमा देकर फंड उड़ा लिया। फिलहाल नुकसान को रोकने के लिए ब्रिज नोड्स को बंद कर दिया गया है और सभी एक्सचेंजों पर डिपॉजिट और विड्रॉल रोक दिए गए हैं।
क्या हैकर्स लौटाएंगे पैसे?
अटैकर्स ने ऑन-चेन मैसेज भेजकर खुद को 'वाइट-हैट' हैकर्स बताया है और बग बाउंटी (Bug Bounty) की मांग की है। हालांकि, यह स्पष्ट नहीं है कि चोरी हुआ बिटकॉइन वापस मिलेगा या नहीं। इस पूरे घटनाक्रम ने उन 80 से अधिक इंडस्ट्री पार्टनर्स के लिए मुश्किल खड़ी कर दी है जो इस नेटवर्क पर भरोसा करते थे। अब पूरी नजर ब्लॉकस्ट्रीम के अगले कदमों और सर्विस बहाली की टाइमलाइन पर टिकी है।
