Titan Company अब अपने लग्जरी वॉच पोर्टफोलियो को विस्तार देने के लिए नई अधिग्रहण (Acquisitions) रणनीति पर काम कर रही है। कंपनी का फोकस अब मास-मार्केट के बजाय प्रीमियम घड़ियों पर शिफ्ट हो रहा है, क्योंकि ग्राहकों की पसंद तेजी से महंगे और लाइफस्टाइल ओरिएंटेड प्रोडक्ट्स की ओर बढ़ रही है।
प्रीमियम डिमांड का बढ़ा क्रेज
Titan मैनेजमेंट के मुताबिक, मार्केट में अब लोग ₹25,000 से ज्यादा कीमत वाली घड़ियों में ज्यादा रुचि दिखा रहे हैं, जबकि ₹1,000 से कम के सेगमेंट में डिमांड काफी सुस्त है। कंपनी इस बदलाव को एक बड़े अवसर के रूप में देख रही है ताकि वह अपने एवरेज सेलिंग प्राइस को बढ़ा सके और घड़ियों को सिर्फ एक फंक्शनल आइटम न रखकर लाइफस्टाइल फैशन के तौर पर पेश कर सके।
नई कंपनियों के अधिग्रहण की तैयारी (Inorganic Growth)
कंपनी अपनी मौजूदगी मजबूत करने के लिए अब इनऑर्गेनिक ग्रोथ का रास्ता अपना सकती है। ठीक वैसे ही जैसे CaratLane में निवेश करके कंपनी ने ज्वेलरी सेगमेंट में अपनी पहुंच को विस्तार दिया था, अब वॉच डिवीजन के लिए भी ऐसी ही किसी नई ब्रांड या डिजाइन टैलेंट को खरीदने पर विचार किया जा रहा है। हालांकि, इसमें ब्रांड इंटीग्रेशन और कल्चरल तालमेल बिठाने जैसे जोखिम भी शामिल हैं, जिन पर निवेशकों की नजर रहेगी।
'Vetra' के जरिए नई पहल
इतना ही नहीं, Titan अब अपनी वैल्यू चेन को और मजबूत करने के लिए 'Vetra' नाम का अपना मूवमेंट प्लेटफॉर्म लेकर आई है। इसका मकसद हाई-एंड वॉचमेकिंग में अपनी साख बढ़ाना है। कंपनी पहले से ही Helios नेटवर्क के जरिए Tommy Hilfiger और Police जैसे इंटरनेशनल ब्रांड्स की बिक्री कर रही है। फिलहाल चुनौती फेस्टिव सीजन और शुरुआती वेडिंग सीजन की भारी डिमांड को पूरा करने की है, जहाँ कंपनी को वॉल्यूम और वैल्यू के बीच सही संतुलन बनाना होगा।
