TTK Prestige Share Price: क्वार्टर 1 में मुनाफा दोगुना हुआ ₹59.33 करोड़, इंडक्शन कुकटॉप्स की डिमांड बनी वजह

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AuthorMehul Desai|Published at:
TTK Prestige Share Price: क्वार्टर 1 में मुनाफा दोगुना हुआ ₹59.33 करोड़, इंडक्शन कुकटॉप्स की डिमांड बनी वजह

TTK Prestige ने पहली तिमाही में शानदार नतीजे पेश किए हैं। कंपनी का नेट प्रॉफिट दोगुना होकर **₹59.33 करोड़** पहुंच गया है। इस उछाल की मुख्य वजह इंडक्शन कुकटॉप्स की ज़बरदस्त डोमेस्टिक डिमांड रही।

Detailed Coverage

इंडक्शन कुकटॉप्स की बंपर डिमांड ने बढ़ाई TTK Prestige की कमाई

TTK Prestige के लिए पहली तिमाही शानदार रही है। कंपनी ने ₹59.33 करोड़ का नेट प्रॉफिट दर्ज किया है, जो पिछले साल की इसी अवधि के मुकाबले दोगुना से ज़्यादा है। यह शानदार ग्रोथ डोमेस्टिक मार्केट में इंडक्शन कुकटॉप्स और प्रीमियम किचन अप्लायंसेज की ज़बरदस्त डिमांड के चलते हुई है।

कंपनी के रेवेन्यू फ्रॉम ऑपरेशंस में भी करीब 34% की ज़बरदस्त बढ़ोतरी देखने को मिली। अगर सेल्स परफॉरमेंस की बात करें तो, कुकवेयर सेगमेंट ने कमाल किया है, जिसमें 41% की ग्रोथ के साथ ₹138 करोड़ की सेल्स दर्ज हुई। वहीं, कंपनी के मुख्य प्रोडक्ट प्रेशर कुकर बिजनेस में भी लगभग 29% की बढ़ोतरी के साथ ₹233 करोड़ की बिक्री हुई। एनालिस्ट्स का मानना है कि डोमेस्टिक कुकिंग गैस सप्लाई में आ रही दिक्कतों के चलते लोग इलेक्ट्रिक कुकिंग सॉल्यूशंस की ओर तेज़ी से बढ़ रहे हैं।

खर्चे बढ़े, लेकिन इंटरनेशनल बिजनेस में आई दिक्कतें

जहां कंपनी की टॉप-लाइन ग्रोथ मजबूत रही, वहीं कुल खर्चे 28.1% बढ़कर ₹73.42 करोड़ हो गए। यह बढ़ोतरी बढ़ती डिमांड को पूरा करने के लिए इन्वेंटरी प्रोक्योरमेंट की ज़्यादा लागत के कारण हुई।

घरेलू बाजार से जहां कंपनी को बड़ा सपोर्ट मिला, वहीं इंटरनेशनल बिजनेस को कुछ चुनौतियों का सामना करना पड़ा। शिपिंग में आई दिक्कतों के चलते, खासकर होर्मुज जलडमरूमध्य में, एक्सपोर्ट रेवेन्यू में करीब 18% की गिरावट आई और यह ₹12.8 करोड़ पर आ गया।

आगे क्या?

TTK Prestige भारतीय कंज्यूमर ड्यूरेबल्स मार्केट में एक बड़ी प्लेयर है और इसे Hawkins Cookers और Bajaj Electricals जैसी कंपनियों से कड़ी टक्कर मिलती है। कंपनी के प्रॉफिट मार्जिन को बनाए रखने की क्षमता रॉ मटेरियल, जैसे एल्युमिनियम और स्टील की कीमतों को मैनेज करने पर निर्भर करेगी। इसके अलावा, इंडक्शन-बेस्ड कुकिंग की ओर ग्राहकों का झुकाव कितना टिकाऊ रहता है, यह कंपनी की लॉन्ग-टर्म ग्रोथ के लिए अहम होगा। इन्वेस्टर्स को एक्सपोर्ट रूट की स्थिरता और मैन्युफैक्चरिंग फैसिलिटीज के यूटिलाइजेशन लेवल्स पर भी नज़र रखनी चाहिए।

Disclaimer: This article is published for informational purposes only. This is not a buy sell recommendation.