Swiggy ने Q1 FY27 में **37.3%** की जोरदार कमाई के साथ **₹6,812 करोड़** का रेवेन्यू दर्ज किया है, और नेट लॉस को घटाकर **₹791 करोड़** कर लिया है। हालांकि, कंपनी के क्विक कॉमर्स आर्म Instamart की ग्रोथ धीमी पड़कर **0.3%** पर आ गई है। ऐसे में निवेशक अब इस बात पर नजर रख रहे हैं कि क्या प्रॉफिट पर यह फोकस Blinkit जैसे प्रतिद्वंद्वियों के सामने Swiggy की पोजीशन को प्रभावित करेगा।
Swiggy के तिमाही नतीजे
Swiggy की 2027 के फाइनेंशियल ईयर की पहली तिमाही (Q1 FY27) की रिपोर्ट एक दिलचस्प तस्वीर पेश कर रही है, जहां कंपनी नुकसान कम करने और ग्रोथ बनाए रखने के बीच संतुलन साध रही है। कंपनी ने ₹6,812 करोड़ का रेवेन्यू दर्ज किया है, जो पिछले साल की इसी अवधि की तुलना में 37.3% ज्यादा है। इस मजबूत टॉपलाइन परफॉर्मेंस और ऑपरेशनल एफिशिएंसी के चलते Swiggy का कंसोलिडेटेड नेट लॉस घटकर ₹791 करोड़ रह गया, जो पिछले साल ₹1,197 करोड़ था।
Instamart पर प्रॉफिटेबिलिटी का दांव
जहां फूड डिलीवरी का मुख्य बिजनेस ₹292 करोड़ के एडजस्टेड EBITDA और 3.1% मार्जिन के साथ मजबूत प्रदर्शन कर रहा है, वहीं क्विक कॉमर्स डिवीजन, Instamart, थोड़ी मुश्किल में दिख रहा है। Instamart ने ₹7,907 करोड़ का ग्रॉस ऑर्डर वैल्यू (GOV) दर्ज किया। यह पिछले साल की तुलना में 39.8% की बढ़ोतरी है, लेकिन सीक्वेंशियल ग्रोथ सिर्फ 0.3% है, जो एक बड़ी गिरावट का संकेत है। ऑर्डर्स की संख्या भी लगभग स्थिर रही, जो सीक्वेंशियली सिर्फ 1.7% बढ़कर 114.5 मिलियन हुई, और एवरेज ऑर्डर वैल्यू थोड़ी घटकर ₹691 रह गई।
यह धीमी रफ्तार कंपनी की यूनिट इकोनॉमिक्स को सुधारने की सोची-समझी कोशिशों के साथ मेल खाती है। आक्रामक ग्राहक अधिग्रहण के बजाय कंट्रीब्यूशन मार्जिन को प्राथमिकता देकर, Swiggy प्रॉफिटेबिलिटी की राह को आसान बनाना चाहता है। हालांकि, इस स्ट्रेटेजी पर Blinkit जैसे कॉम्पिटिटर्स से तुरंत दबाव आ रहा है, जिन्होंने पिछले कुछ समय में ज्यादा सीक्वेंशियल ग्रोथ दर्ज की है और हाल ही में एडजस्टेड EBITDA प्रॉफिट भी कमाया है। यह देखना अहम होगा कि क्या Swiggy का प्रॉफिट पर फोकस उसे इस हाई-वोलैटिलिटी वाले क्विक कॉमर्स मार्केट में पिछड़ने पर मजबूर करता है।
विस्तार और भविष्य की रणनीति
भविष्य की ग्रोथ को बढ़ावा देने के लिए, Swiggy अपने एफोर्डेबल ऐप 'Toing' को टेस्ट कर रहा है, जो अब 50 शहरों में लाइव है। कंपनी ने अपने डार्क स्टोर नेटवर्क को 131 शहरों में 1,171 लोकेशंस तक फैलाया है। ये प्रयास ट्रेडिशनल डिस्काउंटिंग मॉडल्स से परे अपने रेवेन्यू स्ट्रीम को डाइवर्सिफाई करने की एक बड़ी रणनीति का हिस्सा हैं।
मैनेजमेंट का कहना है कि Instamart के कंट्रीब्यूशन मार्जिन अगले कुछ समय में 0% और -1% के बीच रहने की उम्मीद है, क्योंकि कंपनी मोमेंटम हासिल करने के लिए खर्च बढ़ाएगी। लॉन्ग-टर्म ब्रेक-ईवन हासिल करने के लिए, कंपनी ₹60,000 करोड़ के एनुअलाइज्ड GOV रन रेट और 250-300 मिलियन के तिमाही ऑर्डर वॉल्यूम का लक्ष्य बना रही है। इस टर्नअराउंड की सफलता इस बात पर निर्भर करेगी कि क्या कंपनी इन वॉल्यूम्स को बढ़ा पाती है, बिना अपने मार्जिन को नुकसान पहुंचाए या उन राइवल्स से मार्केट शेयर खोए जो फिलहाल ज्यादा ग्रोथ वेलोसिटी के साथ काम कर रहे हैं।
