Sony India अगले दो सालों में ₹10,000 करोड़ के रेवेन्यू के आंकड़े को छूने का लक्ष्य बना रही है। कंपनी के इस लक्ष्य के पीछे 55 इंच और उससे बड़े प्रीमियम टीवी सेट्स की बढ़ती मांग है। जहां एक तरफ कंपनी को मेट्रो शहरों के साथ-साथ छोटे शहरों से भी अच्छी ग्रोथ दिख रही है, वहीं दूसरी तरफ मेमोरी चिप की कमी और प्रोडक्शन कॉस्ट जैसी चुनौतियों से भी निपटना पड़ रहा है।
प्रीमियम टीवी की बंपर डिमांड!
Sony India ने अगले दो सालों में ₹10,000 करोड़ के रेवेन्यू का लक्ष्य रखा है। कंपनी का मानना है कि भारतीय ग्राहक अब बड़ी स्क्रीन और हाई-एंड टेलीविज़न सेट्स की ओर तेजी से बढ़ रहे हैं। इसी ट्रेंड के चलते Sony के प्रोडक्ट्स की एवरेज सेलिंग प्राइस (ASP) में भी बढ़ोतरी देखी जा रही है।
बड़े स्क्रीन वाले टीवी की ग्रोथ
Sony India के मुताबिक, 55 इंच और उससे बड़े प्रीमियम टीवी सेग्मेंट में 30% से 40% की ग्रोथ दर्ज की जा रही है। 65 इंच, 75 इंच और 85 इंच जैसे सुपर-लार्ज सेग्मेंट्स में तो यह ग्रोथ और भी ज्यादा है। कंपनी के मैनेजिंग डायरेक्टर, सुनील नय्यर ने बताया कि यह डिमांड सिर्फ बड़े शहरों तक ही सीमित नहीं है, बल्कि टियर-2 और टियर-3 शहरों में भी तेजी से बढ़ रही है।
प्रोडक्शन और लागत की चुनौतियां
अच्छे रेवेन्यू टारगेट के बावजूद, Sony India को प्रोडक्शन कॉस्ट का दबाव झेलना पड़ रहा है। ग्लोबल सप्लाई चेन में दिक्कतें, खासकर मेमोरी चिप्स की कमी, प्रोडक्शन को प्रभावित कर रही है। कंपनी इस लागत को मैनेज करने के लिए प्रोडक्ट की प्राइसिंग को सावधानी से तय कर रही है और कुछ लागत को इंटरनली एब्जॉर्ब करने की कोशिश कर रही है। ऐसे में, निवेशकों की नज़र इस बात पर रहेगी कि कंपनी प्रीमियम स्ट्रैटेजी और प्रॉफिट मार्जिन को कैसे बैलेंस करती है।
मार्केट में अपनी जगह
Sony India अपनी प्रीमियम स्ट्रैटेजी के जरिए कॉम्पिटिटिव इंडियन मार्केट में अपनी अलग पहचान बना रही है। कंपनी ने अपने True RGB BRAVIA टीवी लाइनअप में 115 इंच तक के मॉडल शामिल किए हैं, जिससे वह हाई-एंड मार्केट को कैप्चर करने की कोशिश में है। आने वाले फेस्टिव सीजन में कंपनी का प्रदर्शन इस स्ट्रैटेजी की सफलता को तय करेगा, क्योंकि यह सीजन भारतीय कंज्यूमर डिमांड का एक महत्वपूर्ण इंडिकेटर होता है।
