मुनाफे में आई बम्पर तेजी, वजह है इंश्योरेंस क्लेम!
S H Kelkar ने Q3 FY26 के नतीजों में निवेशकों को खुश कर दिया है। कंपनी का रेवेन्यू (Revenue) पिछले साल की इसी तिमाही के मुकाबले 7.97% बढ़कर ₹583.80 करोड़ रहा, जबकि पिछले साल यह ₹540.75 करोड़ था। वहीं, प्रॉफिट बिफोर टैक्स (PBT) में 79.17% का जबरदस्त उछाल देखा गया और यह ₹49.04 करोड़ पर पहुंच गया।
लेकिन कंसोलिडेटेड नेट प्रॉफिट (Consolidated Net Profit) में 86.35% की शानदार बढ़ोतरी का मुख्य कारण अप्रैल 2024 में वशिवल्ली प्लांट में हुई आग की घटना के बाद मिले इंश्योरेंस क्लेम (Insurance Claim) हैं। रिपोर्ट्स के अनुसार, इस तिमाही में कंपनी को ₹33.07 करोड़ के एक्सेप्शनल आइटम्स (Exceptional Items) से फायदा हुआ, जिसमें इंश्योरेंस क्लेम की वसूली और जीएसटी इनपुट क्रेडिट रिवर्सल पर मिला ब्याज शामिल है।
नौ महीनों (Nine Months) में भी जोरदार छलांग:
अगर पिछले नौ महीनों के नतीजों पर नजर डालें, तो कंसोलिडेटेड रेवेन्यू 10.42% बढ़कर ₹1718.32 करोड़ दर्ज किया गया। वहीं, नेट प्रॉफिट में तो 278.37% की रिकॉर्ड तोड़ बढ़त के साथ यह ₹67.35 करोड़ पर पहुंच गया। नौ महीनों के दौरान एक्सेप्शनल आइटम्स ₹35.92 करोड़ रहे।
इस दौरान, बेसिक ईपीएस (EPS) Q3 में 85.8% बढ़कर ₹2.36 और नौ महीनों में 306.67% बढ़कर ₹4.88 हो गया।
आगे की राह और डिविडेंड:
कंपनी ने ₹1 प्रति शेयर का अंतरिम डिविडेंड (Interim Dividend) घोषित किया है। हालांकि, कंपनी के मैनेजमेंट ने इस घोषणा में भविष्य की ग्रोथ को लेकर कोई स्पष्ट गाइडेंस (Guidance) नहीं दिया है।
रणनीतिक निवेश:
इसके साथ ही, बोर्ड ने अपनी पूरी तरह से मालिकाना हक वाली मिडिल ईस्ट सब्सिडियरी (Middle East Subsidiary), Keva Middle East FZE, में AED 5 मिलियन तक का इक्विटी इन्वेस्टमेंट (Equity Investment) करने की मंजूरी दी है, जो इसके इंटरनेशनल एक्सपेंशन (International Expansion) की ओर एक कदम है।
निवेशकों के लिए अहम बातें:
यह समझना जरूरी है कि मुनाफे में आई यह बड़ी बढ़ोतरी मुख्य रूप से एकमुश्त (one-off) इंश्योरेंस क्लेम की वजह से है। अब निवेशकों की नजर इस बात पर रहेगी कि कंपनी अपने कोर ऑपरेशंस (Core Operations) से भविष्य में किस तरह की प्रॉफिटेबिलिटी (Profitability) बनाए रखती है, खासकर जब कोई एक्सेप्शनल इनकम न हो और मैनेजमेंट की ओर से कोई गाइडेंस भी न हो।