Reliance Retail ने जून 2026 तिमाही के लिए अपने नतीजे जारी कर दिए हैं। कंपनी का रेवेन्यू पिछले साल के मुकाबले **7.4%** बढ़कर **₹90,409 करोड़** हो गया है। हालांकि, नेट प्रॉफिट में **14.2%** की गिरावट आई है और यह **₹2,806 करोड़** रहा, जो एनालिस्ट्स की उम्मीदों से कम है।
Reliance Retail के नतीजे: क्या रहे मुख्य आकर्षण?
रिलायंस इंडस्ट्रीज (Reliance Industries) की रिटेल विंग, Reliance Retail ने शुक्रवार को जून 2026 को समाप्त तिमाही के लिए अपने वित्तीय नतीजे पेश किए। कंपनी ने ₹90,409 करोड़ का ग्रॉस रेवेन्यू दर्ज किया, जो पिछले साल की इसी अवधि की तुलना में 7.4% की बढ़ोतरी है। लेकिन, टॉप-लाइन ग्रोथ के बावजूद, यह आंकड़ा मार्केट की उम्मीदों से थोड़ा कम रहा। बाजार विश्लेषकों ने ₹92,500 करोड़ से ₹93,000 करोड़ तक के रेवेन्यू का अनुमान लगाया था।
मार्जिन पर दबाव और मुनाफे में गिरावट
वित्तीय आंकड़ों में दबाव के संकेत दिखे। EBITDA (ब्याज, टैक्स, डेप्रिसिएशन और एमोर्टाइजेशन से पहले की कमाई) पिछले साल की इसी तिमाही की तुलना में 1.1% घटकर ₹6,309 करोड़ रह गया। इसके चलते EBITDA मार्जिन 80 बेसिस पॉइंट घटकर 7.9% पर आ गया। कंपनी के नेट प्रॉफिट (Profit After Tax) में भी 14.2% की बड़ी गिरावट देखी गई, जो पिछले साल की इसी तिमाही के ₹3,271 करोड़ से घटकर ₹2,806 करोड़ हो गया। यह आंकड़े ₹6,700 करोड़ से ₹6,800 करोड़ के EBITDA के एनालिस्ट्स के अनुमान से भी कम थे।
तिमाही-दर-तिमाही (Quarter-on-Quarter) आधार पर देखें तो प्रदर्शन थोड़ा कमजोर रहा। मार्च तिमाही के ₹98,232 करोड़ के मुकाबले रेवेन्यू में 8% की कमी आई। EBITDA और नेट प्रॉफिट में भी क्रमशः 8.8% और 21.3% की गिरावट दर्ज की गई। हालांकि, EBITDA मार्जिन पिछली तिमाही के मुकाबले 7.9% पर स्थिर रहा, यह ट्रेंड बताता है कि कंपनी को बदलते कंज्यूमर पैटर्न के बीच प्रॉफिट बनाए रखने में चुनौतियां आ रही हैं।
स्टोर एक्सपेंशन और मार्केट में पैठ
Reliance Retail ने अपने फिजिकल और डिजिटल इंफ्रास्ट्रक्चर पर फोकस जारी रखा है। जून तिमाही में कंपनी ने 333 नए स्टोर खोले, जिससे कुल स्टोर्स की संख्या बढ़कर 20,160 हो गई है। कंपनी का कुल रिटेल फ्लोर स्पेस अब 78.3 मिलियन स्क्वायर फीट तक पहुंच गया है। इसके अलावा, कंपनी के रजिस्टर्ड कस्टमर बेस में भी बढ़ोतरी हुई है, जो अब 387 मिलियन है, और तिमाही के दौरान 1.93 बिलियन ट्रांजैक्शन प्रोसेस किए गए।
कंपनी के मैनेजमेंट ने अपने विभिन्न कंज्यूमर फॉर्मेट्स की मजबूती पर जोर दिया है। चेयरमैन और मैनेजिंग डायरेक्टर मुकेश डी. अंबानी ने कहा कि कंपनी भारत के लॉन्ग-टर्म कंज्यूमर ट्रेंड्स का फायदा उठाने के लिए अच्छी स्थिति में है। रिलायंस रिटेल वेंचर्स की एग्जीक्यूटिव डायरेक्टर ईशा एम. अंबानी ने कहा कि ओमनी-चैनल (Omni-channel) उपस्थिति बनाए रखने के लिए डिजिटल कॉमर्स में लगातार निवेश एक रणनीतिक प्राथमिकता है।
निवेशक आने वाली तिमाहियों में कंपनी की प्रॉफिट मार्जिन को ठीक करने की क्षमता पर नजर रखेंगे, खासकर रिटेल और FMCG सेक्टर में बढ़ती प्रतिस्पर्धा के बीच। अगले रिपोर्टिंग पीरियड के लिए मुख्य बातों में मार्जिन की स्थिरता, नए स्टोर जोड़ने की गति बनाम मौजूदा स्थानों की राजस्व उत्पादकता, और कंपनी के बढ़ते FMCG ब्रांड पोर्टफोलियो का कुल लाभप्रदता पर प्रभाव शामिल होगा।
