82°E की राह में क्यों आ रही हैं मुश्किलें?
82°E, जिसे दीपिका पादुकोण ने 2022 के अंत में एक प्रीमियम Skincare Label के तौर पर लॉन्च किया था, पिछले कुछ समय से कई चुनौतियों का सामना कर रहा है। कंपनी के सीधी बिक्री (Direct-to-consumer) वाले इस बिजनेस के लिए भारी कीमत, औसतन ₹2,500 प्रति 50-ml जार, बाजार में स्पष्ट फोकस की कमी और डिजिटल-फर्स्ट Brands से कड़ी प्रतिस्पर्धा भारी पड़ रही है। रेगुलेटरी फाइलों से पता चलता है कि FY25 में 82°E का रेवेन्यू 30% घटकर ₹14.7 करोड़ रह गया, जिसके चलते कंपनी को ₹12.26 करोड़ का भारी घाटा हुआ।
Nykaa की 'House of Nykaa' स्ट्रेटेजी
इस Acquisition के पीछे Nykaa की 'House of Nykaa' स्ट्रेटेजी का बड़ा हाथ है। Nykaa, जो Reliance Retail के Tira, Sephora, और Shoppers' Stop Beauty जैसे Competitors से मुकाबला करती है, लगातार नई Brands को अपने पोर्टफोलियो में शामिल कर रही है। कंपनी अपने 42 मिलियन से ज्यादा Beauty Customers का फायदा उठाकर 82°E को बेहतर Return Order और Scale हासिल करने में मदद कर सकती है। Nykaa ने पहले भी Nudge Wellness, Dot & Key Skincare और Earth Rhythm जैसे Brands को Acquiring करके अपना पोर्टफोलियो मजबूत किया है।
Nykaa का हालिया प्रदर्शन
बता दें कि Nykaa ने हाल ही में Q3 FY25 में शानदार प्रदर्शन किया था, जिसमें उसका नेट प्रॉफिट साल-दर-साल 156% बढ़कर ₹68 करोड़ हो गया, जबकि Consolidated Revenue 27% बढ़कर ₹2,873 करोड़ रहा।
Celebrity Brands और भारतीय Beauty Market
Analysts का मानना है कि Celebrity Brands को अक्सर Profitability और Scale के लिए स्थापित Corporates के साथ साझेदारी करने से फायदा होता है। Star power से शुरुआत में Consumer Interest तो बढ़ता है, लेकिन लंबी दौड़ में Corporate Support जरूरी है। यह ट्रेंड Alia Bhatt के Ed-a-Mamma को Reliance Retail को बेचने और Virat Kohli के Agilitas के साथ साझेदारी में भी देखा गया है। भारत का Beauty and Personal Care Market भी तेजी से बढ़ रहा है, जिसके 2028 तक $34 बिलियन तक पहुंचने का अनुमान है, जिसमें E-commerce की भूमिका अहम है।