Nomura के विश्लेषकों का अनुमान है कि भारतीय होटल ऑपरेटर्स Q1FY27 में बढ़ी हुई रूम रेट्स के दम पर रेवेन्यू (Revenue) और ऑपरेटिंग प्रॉफिट (Operating Profit) में ज़बरदस्त ग्रोथ दर्ज कर सकते हैं। हालांकि, डोमेस्टिक डिमांड (Domestic Demand) मजबूत बनी हुई है, पर ब्रोकरेज भू-राजनीतिक मुद्दों और महंगाई के दबाव को लेकर सतर्क रहने की सलाह दे रहा है।
होटल सेक्टर में ग्रोथ के क्या हैं कारण?
Nomura के विश्लेषकों ने भारतीय हॉस्पिटैलिटी सेक्टर के लिए 2026-27 के फाइनेंशियल ईयर (Financial Year) की पहली तिमाही (Q1FY27) के लिए अपनी अर्निंग्स (Earnings) का अनुमान जारी किया है। ब्रोकरेज की रिपोर्ट के मुताबिक, घरेलू मांग (Domestic Demand) फिलहाल अंतरराष्ट्रीय यात्रा की कमजोर ट्रेंड को सहारा दे रही है, जो वैश्विक भू-राजनीतिक चिंताओं से प्रभावित है।
Leela Palaces, Indian Hotels और ITC का प्रदर्शन
Nomura ने इस तिमाही के लिए Leela Palaces Hotels & Resorts को अपनी पसंदीदा कंपनी बताया है। ब्रोकरेज का अनुमान है कि कंपनी के रेवेन्यू में सालाना आधार पर 14% की बढ़ोतरी होगी, वहीं ऑपरेटिंग प्रॉफिट (EBITDA) में 16% का उछाल आ सकता है। यह अनुमान मुख्य रूप से रेवेन्यू पर उपलब्ध रूम (RevPAR) में दोहरे अंकों की ग्रोथ से प्रेरित है, जिसका मुख्य कारण औसत दैनिक दर (ADR) का बढ़ना है। निवेशकों को यह भी ध्यान देना चाहिए कि कंपनी की हालिया अर्जित कूर्ग प्रॉपर्टी (Coorg property) का योगदान भी वित्तीय नतीजों को प्रभावित कर सकता है।
Indian Hotels Company से भी मजबूत ग्रोथ की उम्मीद है। Nomura ने रेवेन्यू और ऑपरेटिंग प्रॉफिट दोनों में सालाना आधार पर 13% की वृद्धि का अनुमान लगाया है। इसके पीछे एकता नगर में जिंजर (Ginger) और विवांता (Vivanta) प्रॉपर्टीज का स्थिरीकरण, ताज वाराणसी (Taj Varanasi) में हालिया विस्तार और ताज पैलेस दिल्ली (Taj Palace, Delhi) का रेनोवेशन जैसे फैक्टर अहम हैं। इस तिमाही में Indian Hotels का स्टैंडअलोन रेवेन्यू करीब ₹1,170 करोड़ रहने का अनुमान है।
ITC Hotels के हॉस्पिटैलिटी सेगमेंट में रेवेन्यू और EBITDA में सालाना आधार पर 8% की बढ़ोतरी की उम्मीद है। यदि इसमें रेजिडेंशियल बिजनेस (Residential Business) के रेवेन्यू को भी शामिल किया जाए, तो यह ग्रोथ 22% तक पहुंच सकती है। मैनेजमेंट के अनुसार, अप्रैल में थोड़ी सुस्ती के बाद मई और जून में बिजनेस एक्टिविटी में सुधार देखा गया।
Chalet Hotels और Phoenix Mills का अलग समीकरण
वहीं, Nomura ने Chalet Hotels पर न्यूट्रल (Neutral) आउटलुक बनाए रखा है। हालांकि कंपनी की मुंबई स्थित प्रॉपर्टीज अच्छा प्रदर्शन कर रही हैं, लेकिन Powai और बैंगलोर स्थित लोकेशंस पर प्रदर्शन को लेकर कुछ चुनौतियां हैं। ब्रोकरेज का अनुमान है कि रेजिडेंशियल सेगमेंट को छोड़कर कंपनी के रेवेन्यू में 10% और ऑपरेटिंग प्रॉफिट में 12% की वृद्धि होगी। कमर्शियल रेवेन्यू (Commercial Revenue) में 15-16% की वृद्धि की उम्मीद है।
Phoenix Mills के लिए स्थिति थोड़ी अलग है। रिटेल कंजम्पशन (Retail Consumption) में 25-30% की वृद्धि की उम्मीद है, लेकिन Nomura का अनुमान है कि रिटेल इनकम में 17% का इजाफा होगा। इसका कारण यह है कि बैंगलोर के नए मॉल्स अभी मुख्य रूप से बेस रेंटल (Base Rentals) से आय अर्जित कर रहे हैं, न कि कंजम्पशन-आधारित फीस से। नतीजतन, कंपनी की कमाई अनुमान से कम रह सकती है, जिसमें कुल रेवेन्यू और EBITDA ग्रोथ 14% और 15% रहने का अनुमान है।
इंडस्ट्री के रिस्क और महत्वपूर्ण फैक्टर
निवेशकों को Nomura द्वारा बताए गए सेक्टर पर पड़ने वाले व्यापक दबावों पर ध्यान देना चाहिए। मुख्य जोखिमों में अंतरराष्ट्रीय संघर्षों, विशेष रूप से मध्य पूर्व (Middle East) में, के बढ़ने पर मांग में संभावित गिरावट शामिल है। इसके अलावा, लगातार उच्च मुद्रास्फीति (Inflation) भी एक चिंता का विषय बनी हुई है, क्योंकि यह परिचालन लागत (Operational Costs) को बढ़ा सकती है और प्रॉफिट मार्जिन पर दबाव डाल सकती है। व्यक्तिगत कंपनियों के लिए, ADR ग्रोथ को बनाए रखने और नई प्रॉपर्टीज के समय पर चालू होने की क्षमता आने वाली तिमाहियों में महत्वपूर्ण फैक्टर होंगे।
