Heidi O'Neill का नया सफर
Heidi O'Neill, जिन्होंने Nike में 25 साल बिताए हैं और कंज्यूमर, प्रोडक्ट व ब्रांड स्ट्रेटेजी का नेतृत्व किया है, अब Lululemon के नए CEO के रूप में कंपनी में नया जोश भरने का लक्ष्य रखेंगी। उनका मुख्य काम कंपनी की इनोवेशन (Innovation) क्षमता को बढ़ाना और मार्केट की बदलती ज़रूरतों के प्रति तेज़ी से प्रतिक्रिया देना होगा। यह नियुक्ति ऐसे समय में हुई है जब Lululemon को पिछले एक साल में अपने 38% गिर चुके शेयर प्राइस और अमेरिका में घटती सेल्स (Sales) से जूझना पड़ रहा है।
फाउंडर और एक्टिविस्ट इन्वेस्टर का दबाव
CEO का यह बदलाव कंपनी पर बढ़ते दबाव का नतीजा है। प्रमुख शेयरधारक Elliott Investment Management ने कंपनी में नए नेतृत्व और रणनीतिक बदलावों की मांग की है। Lululemon के फाउंडर Chip Wilson भी कंपनी की 'कूल' अपील खोने की बात कहकर आलोचना कर रहे हैं और बोर्ड में सीटें मांग रहे हैं। हाल ही में Lululemon ने Levi Strauss & Co. के पूर्व CEO Chip Bergh को बोर्ड में शामिल किया था, लेकिन गवर्नेंस (Governance) को लेकर असहमति अभी भी बनी हुई है।
एनालिस्ट की राय और मार्केट की चुनौतियां
एनालिस्ट (Analysts) O'Neill की नियुक्ति को लेकर सतर्कता से उत्साहित हैं। उन्हें लगता है कि कंपनी के हालिया प्रदर्शन में गिरावट और शेयर की कीमतों में कमी को दूर करने के लिए नए विचारों की ज़रूरत है। Jefferies के एनालिस्ट्स ने एक ऐसे CEO की ज़रूरत पर ज़ोर दिया है जिसमें प्रोडक्ट के प्रति पैशन (Passion) और कर्मचारियों को जोड़ने की क्षमता हो। पेंडेमिक (Pandemic) के दौरान एथलेisure (Athleisure) की बढ़त के बाद सेल्स ग्रोथ धीमी हो गई है। अब देखना यह होगा कि O'Neill, Alo Yoga और Vuori जैसे ब्रांड्स से मुकाबला कैसे करती हैं और ब्रांड की लग्ज़री (Luxury) इमेज को बनाए रखते हुए बजट-सचेत ग्राहकों को कैसे आकर्षित करती हैं।
