Lalithaa Jewellery Mart ने शेयर बाजार में **32%** के दमदार प्रीमियम के साथ शानदार शुरुआत की है। अब कंपनी का लक्ष्य दक्षिण भारत में अपने नेटवर्क को बढ़ाकर **175** शोरूम तक ले जाने का है, हालांकि निवेशकों की नजर **₹1,066 करोड़** के टैक्स विवाद और कैश फ्लो से जुड़ी चुनौतियों पर भी टिकी है।
बाजार में धाकड़ एंट्री
Lalithaa Jewellery Mart ने अपनी पब्लिक लिस्टिंग के साथ ही निवेशकों को खुश कर दिया है। 24 अगस्त 2026 को कंपनी के शेयर नेशनल स्टॉक एक्सचेंज और बॉम्बे स्टॉक एक्सचेंज पर लगभग ₹265 पर लिस्ट हुए, जो इसके ₹201 के IPO प्राइस के मुकाबले 32% का बड़ा मुनाफा है।
विस्तार की नई योजना
लिस्टिंग के बाद मैनेजमेंट का पूरा फोकस दक्षिण भारत में अपनी पैठ मजबूत करने पर है। फिलहाल कंपनी 61 शोरूम चला रही है और अब इन्हें 175 तक ले जाने का रोडमैप तैयार किया गया है। कंपनी मुख्य रूप से तमिलनाडु, कर्नाटक, तेलंगाना और आंध्र प्रदेश में अपने मजबूत आधार का फायदा उठाना चाहती है।
निवेशकों के लिए चेतावनी के संकेत
भले ही कंपनी विस्तार की ओर कदम बढ़ा रही है, लेकिन चुनौतियां भी कम नहीं हैं। ज्वेलरी सेक्टर में भारी इन्वेंट्री की जरूरत होती है, जिसके चलते कंपनी को कई बार नेगेटिव ऑपरेटिंग कैश फ्लो का सामना करना पड़ा है। इसके अलावा, कंपनी के ऊपर ₹1,066 करोड़ का GST टैक्स विवाद चल रहा है। यदि इस कानूनी मामले में फैसला कंपनी के खिलाफ जाता है, तो यह उसकी वित्तीय स्थिति को प्रभावित कर सकता है।
आने वाले समय में निवेशकों के लिए यह देखना दिलचस्प होगा कि कंपनी अपने इस आक्रामक विस्तार और टैक्स विवादों के बीच कैसे संतुलन बनाए रखती है।
