जापान में जन्म दर ऐतिहासिक रूप से सबसे निचले स्तर पर पहुँच गई है, जिसके चलते बच्चों के सामान बनाने वाली जानी-मानी कंपनियां जैसे Unicharm और AirBuggy अब पेट केयर (पालतू जानवरों की देखभाल) के बाजार की ओर रुख कर रही हैं। जहां एक ओर देश में बच्चे लगातार कम हो रहे हैं, वहीं पालतू जानवरों की संख्या बच्चों से **20 लाख** से ज़्यादा हो गई है। इस बदलाव से कंपनियां अपने शिशु उत्पादों की घटती मांग को पूरा करने की कोशिश कर रही हैं।
जनसांख्यिकी संकट और कंपनियों का नया दांव
जापान का उपभोक्ता सामान क्षेत्र एक बड़े जनसांख्यिकीय संकट से जूझ रहा है। 2025 में जहां सिर्फ 6,71,000 बच्चों का जन्म हुआ और प्रजनन दर 1.14 पर स्थिर रही, वहीं पारंपरिक रूप से शिशु बाजार पर निर्भर रहने वाली कंपनियां अब पालतू जानवरों से जुड़े उत्पादों में विविधता ला रही हैं। यह सिर्फ एक ट्रेंड नहीं, बल्कि एक ज़रूरी बदलाव है, क्योंकि पंजीकृत पालतू जानवरों की संख्या 15 साल से कम उम्र के बच्चों की संख्या से 20 लाख से भी ज़्यादा हो चुकी है।
पेट कैरियर्स और स्ट्रॉलर्स में बढ़ता फोकस
पारंपरिक निर्माता अपने मौजूदा हुनर का इस्तेमाल करके पालतू जानवरों के मालिकों को सेवा दे रहे हैं, जो अपने जानवरों को परिवार का अहम हिस्सा मानते हैं। Lucky Industries, जो पहले बेबी कैरियर्स के लिए जानी जाती थी, ने अब कुत्तों के लिए खास एर्गोनोमिक कैरियर्स लॉन्च किए हैं। इसी तरह, AirBuggy, जो पहले हाई-एंड बेबी स्ट्रॉलर्स के लिए मशहूर थी, अब पालतू जानवरों, खासकर बुजुर्ग या छोटे कुत्तों के लिए शॉक-एब्जॉर्बिंग स्ट्रॉलर्स बना रही है। ये उत्पाद कंपनी की मूल निर्माण क्षमताओं का लाभ उठाते हैं, जिससे वे नए सप्लाई चेन बनाए बिना एक बढ़ते हुए क्षेत्र में प्रवेश कर पा रहे हैं।
Unicharm और हाइजीन सेगमेंट
बड़ी कंज्यूमर गुड्स कंपनियों के लिए यह बदलाव और भी महत्वपूर्ण है। Unicharm ने रणनीतिक रूप से अपने पेट केयर डिवीजन पर ध्यान बढ़ाया है। कंपनी अब पालतू जानवरों के लिए खास डायपर, ट्रेनिंग पैड और हाइजीन उत्पादों के उत्पादन में एक प्रमुख खिलाड़ी बन गई है। ये उत्पाद उसके राजस्व का एक महत्वपूर्ण हिस्सा बन गए हैं, जो घटती शिशु आबादी के मुकाबले एक सुरक्षा कवच प्रदान करते हैं। बेबी डायपर की अब्जॉर्बेंट टेक्नोलॉजी में अपनी विशेषज्ञता को पालतू उत्पादों पर लागू करके, कंपनी उच्च उत्पादन दक्षता बनाए हुए है।
बाजार की वृद्धि और आर्थिक हकीकत
आंकड़े बताते हैं कि जापानी पेट केयर मार्केट 2025 में लगभग 880 अरब येन (लगभग 5.4 बिलियन डॉलर) तक पहुंच गया। यह पिछले पांच वर्षों में एक महत्वपूर्ण वृद्धि को दर्शाता है, क्योंकि पालतू जानवरों के मालिक प्रीमियम स्वास्थ्य सेवा, पोषण और लाइफस्टाइल एक्सेसरीज पर अधिक खर्च कर रहे हैं। हालांकि, यह क्षेत्र इन निर्माताओं के लिए एक आवश्यक आर्थिक सहारा प्रदान करता है, लेकिन यह जापानी अर्थव्यवस्था के व्यापक चुनौतियों का समाधान नहीं करता है। लगातार बढ़ती जीवन लागत, चुनौतीपूर्ण कार्य संस्कृति और युवा परिवारों के लिए वित्तीय चिंताएं जन्म दर को दबा रही हैं। निवेशकों को यह देखना होगा कि क्या कंपनियां बढ़ती प्रतिस्पर्धा के बीच पेट केयर सेगमेंट में मुनाफा बनाए रख सकती हैं और क्या ये नई उत्पाद लाइनें पहले की तरह शिशु उत्पाद बाजार से मिलने वाली दीर्घकालिक वृद्धि को पूरी तरह से बदल पाएंगी।
