ऑनलाइन ट्रैवल प्लेटफॉर्म Ixigo ने सितंबर तिमाही के लिए **₹63 करोड़** का नेट प्रॉफिट दर्ज किया है। कंपनी का रेवेन्यू **13%** बढ़कर **₹321 करोड़** रहा, लेकिन फ्लाइट बुकिंग सेगमेंट में घटी 'टेक रेट' निवेशकों के लिए चिंता का विषय बनी हुई है।
मुनाफे का असली गणित
Le Travenues Technology (Ixigo) के तिमाही नतीजों पर नजर डालें तो कंपनी ने पिछले साल के ₹3.5 करोड़ के नुकसान के मुकाबले इस बार ₹63 करोड़ का मुनाफा कमाया है। हालांकि, गौर करने वाली बात यह है कि इस मुनाफे में ₹41 करोड़ का वन-टाइम गेन शामिल है, जो कंपनी ने FreshBus में अपनी हिस्सेदारी बेचकर हासिल किया है। अगर इस कमाई को हटा दें, तो कोर बिजनेस का परफॉर्मेंस ही लंबी अवधि के निवेशकों के लिए असली पैमाना होगा।
सेगमेंट के आंकड़े
कंपनी के रेवेन्यू में 13% की सालाना बढ़ोतरी देखी गई है। इसमें सबसे बड़ा योगदान ट्रेन टिकट बुकिंग का रहा, जिसने 16% की तेजी के साथ ₹149 करोड़ का रेवेन्यू दिया। वहीं, बस टिकट सेगमेंट में भी 25% का उछाल आया और रेवेन्यू ₹81 करोड़ तक पहुंच गया।
फ्लाइट बुकिंग में चुनौती
कंपनी के लिए फ्लाइट सेगमेंट परेशानी का सबब बना है। हालांकि, Gross Transaction Value (GTV) 37% बढ़कर ₹2,184 करोड़ रही, लेकिन इस सेगमेंट से मिलने वाला रेवेन्यू ₹89 करोड़ से घटकर ₹83 करोड़ पर आ गया। इसका मुख्य कारण कंपनी का 'टेक रेट' (हर बुकिंग पर मिलने वाला कमीशन) है, जो 9.38% से लुढ़क कर 7% रह गया है। यह साफ तौर पर ट्रैवल मार्केट में बढ़ते प्राइस वॉर और कॉम्पिटिशन की ओर इशारा करता है।
आगे की रणनीति
अब Ixigo अपना फोकस होटल बुकिंग बिजनेस की ओर शिफ्ट कर रही है। होटल सेगमेंट का GTV 2.6 गुना बढ़कर ₹111 करोड़ पर पहुंच गया है। मैनेजमेंट अब AI तकनीक और होटल हॉस्पिटैलिटी पर अपना कैपिटल निवेश बढ़ाने की तैयारी में है। निवेशकों को आने वाली तिमाहियों में यह देखना होगा कि क्या कंपनी फ्लाइट सेगमेंट के मार्जिन को स्थिर कर पाती है और नया होटल बिजनेस मुनाफे में कितना योगदान दे पाता है।
