मुश्किलों को पार कर ITC का FMCG बिज़नेस लहराया परचम
वित्तीय वर्ष 2026 के दौरान, ITC के मुख्य ब्रांडेड पैकेज्ड फूड्स बिज़नेस ने मज़बूत प्रदर्शन किया। कंपनी ने वैश्विक और घरेलू स्तर पर आई कई बड़ी चुनौतियों का सफलतापूर्वक सामना किया। पश्चिम एशिया में चल रहे संघर्ष के कारण सप्लाई चेन में आई बाधाओं, फरवरी में सिगरेट पर हुए टैक्स के भारी इजाफे और कृषि निर्यात में आई सुस्ती के बावजूद, कंपनी ने अपने बिज़नेस को संभाले रखा।
वित्तीय प्रदर्शन के मुख्य बिंदु
31 मार्च 2026 को समाप्त हुए वितीय वर्ष में, ITC का स्टैंडअलोन ग्रॉस रेवेन्यू पिछले साल के ₹73,467 करोड़ की तुलना में 10.1% बढ़कर ₹80,867 करोड़ हो गया। कंपनी की कमाई (EBITDA) 4.9% बढ़कर ₹25,208 करोड़ तक पहुंच गई। इस अवधि में कंपनी का टैक्स के बाद का मुनाफा (Profit after tax) 1% बढ़कर ₹20,286 करोड़ रहा, हालांकि यह ₹184 करोड़ के एक्सेप्शनल आइटम्स से कुछ प्रभावित हुआ।
भारतीय अर्थव्यवस्था की रफ्तार
ITC के हवाले से रिजर्व बैंक ऑफ इंडिया (RBI) के आंकड़ों के अनुसार, भारत की अर्थव्यवस्था ने FY26 में 7.6% की वृद्धि दर्ज की, जो FY25 के 7.1% से अधिक है। इस आर्थिक गति को प्राइवेट खपत में वृद्धि, ग्रामीण और शहरी दोनों क्षेत्रों में मांग का सुधरना, आयकर समायोजन, GST सुधारों और मौद्रिक नीति में नरमी से बढ़ावा मिला। हालांकि, साल की दूसरी छमाही में महंगाई बढ़ी, मार्च 2026 में कंज्यूमर प्राइस इंडेक्स (CPI) 3.4% पर पहुंच गया। इसका मुख्य कारण खाद्य कीमतों में वृद्धि और पश्चिम एशिया संघर्ष से प्रभावित वैश्विक ऊर्जा लागत रही।
FMCG-Others सेगमेंट का प्रदर्शन
FMCG-Others सेगमेंट, जिसमें ITC के ब्रांडेड पैकेज्ड फूड्स, पर्सनल केयर और स्टेशनरी बिज़नेस शामिल हैं, ने FY26 में ₹24,210 करोड़ का रेवेन्यू दर्ज किया, जो पिछले साल की तुलना में 10.1% अधिक है। हालिया विलय और नोटबुक की बिक्री को ध्यान में रखने के बाद, इस सेगमेंट की ग्रोथ 11.3% रही। सेगमेंट के नतीजों में 14.1% का सुधार हुआ और यह ₹1,803 करोड़ पर पहुंच गया।
मार्जिन में ग्रोथ और नए प्रोडक्ट्स
FY26 की चौथी तिमाही में, सेगमेंट के रेवेन्यू में साल-दर-साल 15% की वृद्धि हुई और यह ₹6,304 करोड़ रहा। सेगमेंट के नतीजों में 51% की बड़ी बढ़ोतरी देखी गई, और EBITDA मार्जिन लगभग 200 बेसिस पॉइंट्स बढ़कर 11% हो गया (Sresta Natural Bioproducts के प्रभाव को छोड़कर)। ITC ने खाद्य तेल और पैकेजिंग सामग्री जैसे ज़रूरी इनपुट्स की कीमतों में बदलाव को सफलतापूर्वक प्रबंधित किया, जो पश्चिम एशिया संघर्ष से प्रभावित थे।
ITC के Aashirvaad स्टेपल्स ब्रांड ने अपना शानदार प्रदर्शन जारी रखा, और वैल्यू-एडेड प्रोडक्ट्स अब इसके कुल पेशकश का लगभग 16% हिस्सा हैं। नए प्रोडक्ट्स में Aashirvaad हाई प्रोटीन आटा लॉन्च किया गया और Aashirvaad बेसन के वितरण का विस्तार किया गया। Sunfeast Dark Fantasy बिस्किट लाइन ने मॉडर्न ट्रेड में अपनी अग्रणी स्थिति बनाए रखी, जबकि YiPPee! नूडल्स ने एक नए प्रीमियम पान एशियन फ्लेवर के साथ इंस्टेंट नूडल्स बाजार में अपना दूसरा स्थान बरकरार रखा। कंपनी ने ITC Master Chef और Farmland के तहत फ्रोजन फूड्स की रेंज का भी विस्तार किया है, जिसमें अब 80 से अधिक आइटम्स उपलब्ध हैं। Fiama और Savlon जैसे पर्सनल केयर ब्रांडों ने भी नए सेल्स चैनलों पर अच्छा प्रदर्शन किया और साल के दौरान लगभग 100 नए प्रोडक्ट्स पेश किए। मॉडर्न ट्रेड और डिजिटल प्लेटफॉर्म अब ITC के ब्रांडेड पैकेज्ड फूड्स और पर्सनल केयर बिक्री का 34% हिस्सा हैं।
