ITC ने फाइनेंशियल ईयर 2026 के लिए अपने प्रमोटर ब्रिटिश अमेरिकन टोबैको (BAT) की सहयोगी कंपनियों को ₹3,895.74 करोड़ का डिविडेंड (Dividend) बांटा है। पिछले साल के मुकाबले यह राशि **8.1%** कम है। इस गिरावट का मुख्य कारण प्रमोटर कंपनी द्वारा ITC में अपनी हिस्सेदारी (Shareholding) को लगातार कम करना है। इसके अलावा, ITC ने BAT से **₹403.61 करोड़** में कुछ ब्रांड ट्रेडमार्क भी खरीदे हैं।
क्या हुआ?
ITC ने फाइनेंशियल ईयर 2026 के लिए अपने प्रमोटर, ब्रिटिश अमेरिकन टोबैको (BAT) से जुड़ी कंपनियों को कुल ₹3,895.74 करोड़ का डिविडेंड (Dividend) दिया है। यह रकम मुख्य रूप से टोबैको मैन्युफैक्चरर्स (इंडिया) लिमिटेड और मायडेलटन इन्वेस्टमेंट कंपनी लिमिटेड को गई है। पिछले फाइनेंशियल ईयर, FY25 में जहां ₹4,238.93 करोड़ का डिविडेंड बांटा गया था, वहीं इस बार यह 8.1% घटकर ₹3,895.74 करोड़ रह गया है।
डिविडेंड में गिरावट की वजह?
प्रमोटर कंपनियों को दिए जाने वाले कुल डिविडेंड में यह कमी, प्रमोटर कंपनी की भारतीय कंपनी में अपनी हिस्सेदारी घटाने की लगातार रणनीति का नतीजा है। पिछले कुछ सालों से टोबैको मैन्युफैक्चरर्स (इंडिया) लिमिटेड (TMI) ने धीरे-धीरे अपनी हिस्सेदारी कम की है। मार्च 2026 तक, TMI की ITC में हिस्सेदारी 17.79% रह गई थी, जो दिसंबर 2024 में 20.32% और दिसंबर 2022 में 24.01% थी। हिस्सेदारी घटने के कारण ही इन कंपनियों को कुल मिलाकर कम डिविडेंड मिला है।
ब्रांड और एसेट्स का सौदा
डिविडेंड के अलावा, FY26 में ITC ने BAT से जुड़ी कंपनियों के साथ कुछ और बिजनेस ट्रांजैक्शन भी किए। कंपनी ने घरेलू बाजार के लिए तीन ब्रांडों के ट्रेडमार्क खरीदने पर ₹403.61 करोड़ खर्च किए। इस कदम से ITC को भारत में इन ब्रांड एसेट्स पर अपना नियंत्रण बढ़ाने में मदद मिलेगी। इसके अतिरिक्त, इसी अवधि में कंपनी ने बेन्सन एंड हेजेज (ओवरसीज) लिमिटेड, डनलहिल टोबैको ऑफ लंदन लिमिटेड और रोथमैनस ऑफ पॉल मॉल लिमिटेड जैसी कंपनियों से प्रॉपर्टी, प्लांट, इक्विपमेंट और अन्य इनटैंगिबल एसेट्स भी खरीदे हैं।
बिजनेस सिनर्जी
हालांकि, इक्विटी होल्डिंग में कमी के बावजूद, ITC और BAT के बीच कारोबारी रिश्ते सक्रिय बने हुए हैं। फाइनेंशियल डिस्क्लोजर के मुताबिक, दोनों पार्टियों के बीच माल और सेवाओं की बिक्री बढ़ी है। ब्रिटिश अमेरिकन टोबैको (GLP) लिमिटेड को बिक्री FY26 में बढ़कर ₹1,587.03 करोड़ हो गई, जो पिछले साल ₹1,445.27 करोड़ थी। इसी तरह, ब्रिटिश अमेरिकन शेयर्ड सर्विसेज (GSD) लिमिटेड द्वारा मैनेज की जाने वाली IT शेयर्ड सर्विसेज के लिए भुगतान भी ₹562.41 करोड़ से बढ़कर ₹739.69 करोड़ हो गया।
निवेशकों के लिए क्या है अहम?
निवेशक आमतौर पर हिस्सेदारी की बिक्री (Stake Sales) से जुड़ी नई अपडेट्स पर नजर रखते हैं, क्योंकि यह शेयर की लिक्विडिटी और सेकेंडरी मार्केट में प्राइस मूवमेंट को प्रभावित कर सकता है। मुख्य बात यह है कि क्या BAT अपनी विनिवेश (Divestment) की रणनीति जारी रखेगा या अपनी होल्डिंग को मौजूदा स्तर पर स्थिर करेगा। इसके अलावा, शेयरहोल्डर्स यह भी ट्रैक कर सकते हैं कि नए खरीदे गए ट्रेडमार्क्स को ITC के प्रोडक्ट पोर्टफोलियो में कैसे शामिल किया जाता है और क्या ये एसेट्स लंबे समय में मुनाफा बढ़ाने में योगदान देते हैं। संबंधित-पार्टी ट्रांजैक्शन (Related-party transactions) में बदलाव और भविष्य की डिविडेंड पॉलिसी भी भारतीय कंपनी और उसके अंतर्राष्ट्रीय प्रमोटर के बीच विकसित हो रही कैपिटल स्ट्रक्चर को समझने के लिए महत्वपूर्ण बने रहेंगे।
